Edited By Mehak,Updated: 30 Jan, 2026 04:28 PM

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने असम में कांग्रेस शासन के दौरान जनसांख्यिकी बदलने का आरोप लगाते हुए कहा कि मोदी सरकार इस प्रवृत्ति को खत्म करने के लिए काम कर रही है। उन्होंने घुसपैठ रोकने के लिए भाजपा को फिर सत्ता में लाने की अपील की। शाह ने दावा...
नेशनल डेस्क : केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शुक्रवार को दावा किया कि कांग्रेस शासन के दौरान असम की जनसांख्यिकी में बदलाव आया था और कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार इस प्रवृत्ति को खत्म करने के लिए काम कर रही है। शाह ने करेनग चापोरी में ताकाम मिसिंग पोरिन केबांग द्वारा आयोजित 10वें 'मिसिंग युवा महोत्सव' के समापन समारोह को संबोधित करते हुए लोगों से आगामी विधानसभा चुनाव में भाजपा को वोट देने की अपील की, ताकि राज्य को घुसपैठ से पूरी तरह मुक्त किया जा सके।
उन्होंने आरोप लगाया, ''कांग्रेस शासन के दौरान असम की जनसांख्यिकी पूरी तरह बदल गई। घुसपैठियों की आबादी शून्य से बढ़कर 64 लाख हो गई और सात जिलों में घुसपैठिए बहुसंख्यक हो गये।'' शाह ने कहा कि मोदी सरकार राज्य में जनसांख्यिकीय प्रवृत्ति को पलटने के लिए विभिन्न तरीकों से काम कर रही है। उन्होंने कहा, ''यदि आप असम में घुसपैठ रोकना चाहते हैं, तो भाजपा सरकार को तीसरी बार चुनकर अवैध प्रवासियों के खिलाफ लड़ाई में मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा के हाथों को मजबूत करें।

असम में भाजपा सरकारों ने अतिक्रमण की गई 1.26 लाख एकड़ भूमि को घुसपैठियों से मुक्त कराया है।'' केंद्रीय गृह मंत्री ने असम के ऊपरी क्षेत्रों में घुसपैठियों को बसने से रोकने में 'मिसिंग' समुदाय द्वारा निभाई गई भूमिका का भी उल्लेख किया, जो उनकी कड़ी मेहनत वाली जीवनशैली के माध्यम से संभव हो पाया। उन्होंने कहा, ''घुसपैठ को रोकना मिसिंग समुदाय की जिम्मेदारी है। आपको हथियार उठाने की जरूरत नहीं है।

आपकी मेहनत करने की संस्कृति के कारण ही घुसपैठिए इस तरफ नहीं आ पाए हैं।'' शाह ने यह भी आरोप लगाया कि कांग्रेस शासन के दौरान कई आदिवासी समुदायों को अपनी पहचान बचाने के लिए संघर्ष करना पड़ा। उन्होंने कहा कि भाजपा केंद्र द्वारा नियुक्त वार्ताकार के माध्यम से 'मिसिंग' समुदाय की सभी समस्याओं का समाधान करने के लिए प्रतिबद्ध है।