Edited By Radhika,Updated: 21 Oct, 2025 05:32 PM

इस साल दिवाली पर देशभर में अच्छी सेल दर्ज की है। भारतीय उपभोक्ताओं ने इस त्योहारी सीजन में वोकल फॉर लोकल मंत्र को दिल से अपनाया है। इस संबंध में CAIT द्वारा एक रिपोर्ट सामने आई है। इसी के चलते देश में फेस्टिव सीजन में रिकॉर्ड तोड़ बिक्री दर्ज की गई...
नेशनल डेस्क : इस साल दिवाली पर देशभर में अच्छी सेल दर्ज की है। भारतीय उपभोक्ताओं ने इस त्योहारी सीजन में वोकल फॉर लोकल मंत्र को दिल से अपनाया है। इस संबंध में CAIT द्वारा एक रिपोर्ट सामने आई है। इसी के चलते देश में फेस्टिव सीजन में रिकॉर्ड तोड़ बिक्री दर्ज की गई है, जिससे भारतीय अर्थव्यवस्था को बड़ी मजबूती मिली है। इसके चलते चीनी सामान की मांग में भारी गिरावट आई है।
₹6 लाख करोड़ का बंपर कारोबार
कैट की रिसर्च रिपोर्ट बताती है कि दिवाली 2025 पर कुल कारोबार ₹6.05 लाख करोड़ तक पहुंच गया है। यह आंकड़ा भारत के व्यापारिक इतिहास में अब तक का सबसे ज्यादा त्योहारी कारोबार है। कैट के महासचिव प्रवीण खंडेलवाल ने बताया कि यह बिक्री पिछले साल के ₹4.25 लाख करोड़ की तुलना में 25% की मजबूत वृद्धि दिखाती है।

87% लोगों ने चीनी सामान को 'ठेंगा' दिखाया
रिपोर्ट की सबसे खास बात यह है कि उपभोक्ताओं का रुझान स्वदेशी उत्पादों की तरफ तेजी से बढ़ा है। सर्वे के अनुसार 87% उपभोक्ताओं ने चीनी सामानों की जगह भारतीय में बनी वस्तुओं को पहल दी है। यह पीएम मोदी के 'वोकल फॉर लोकल' और 'स्वदेशी दिवाली' नारों का सीधा प्रभाव है। व्यापारियों ने पिछले साल के मुकाबले भारतीय उत्पादों की बिक्री में 25% की वृद्धि दर्ज की है। खंडेलवाल ने कहा कि जीएसटी को उचित बनाने और स्वदेशी अपनाने में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एक 'मजबूत ब्रांड एंबेसडर' के रूप में उभरे हैं।
किन सामानों की हुई सबसे ज्यादा बिक्री?
कैट के राष्ट्रीय अध्यक्ष बी. सी. भरतिया के अनुसार कुल व्यापार में गैर-कॉर्पोरेट और पारंपरिक बाजारों का योगदान 85% रहा। सबसे ज्यादा बिकने वाले प्रमुख उत्पाद समूह इस प्रकार रहे:
