Edited By Rohini Oberoi,Updated: 20 Feb, 2026 10:54 AM

दिल की बीमारियां और हार्ट अटैक के मामले पिछले कुछ वर्षों में तेजी से बढ़े हैं। आमतौर पर हम इसके लिए खराब खान-पान और तनाव को जिम्मेदार मानते हैं लेकिन वैज्ञानिकों का कहना है कि आपके शरीर में दौड़ रहा खून का प्रकार (Blood Group) भी यह तय करता है कि...
Blood Group Heart Attack Risk : दिल की बीमारियां और हार्ट अटैक के मामले पिछले कुछ वर्षों में तेजी से बढ़े हैं। आमतौर पर हम इसके लिए खराब खान-पान और तनाव को जिम्मेदार मानते हैं लेकिन वैज्ञानिकों का कहना है कि आपके शरीर में दौड़ रहा खून का प्रकार (Blood Group) भी यह तय करता है कि आपका दिल कितना सुरक्षित है। एक बड़े अध्ययन के अनुसार कुछ विशेष ब्लड ग्रुप वालों में हृदय रोगों का जोखिम दूसरों के मुकाबले कहीं अधिक होता है।
O ब्लड ग्रुप: दिल के लिए कुदरती कवच
अध्ययन के चौंकाने वाले नतीजों में सामने आया है कि 'O' ब्लड ग्रुप वाले लोग हृदय रोगों (Cardiovascular diseases) के मामले में सबसे सुरक्षित हैं। अन्य ब्लड ग्रुप्स की तुलना में इस ग्रुप के लोगों में हार्ट फेलियर और कोरोनरी आर्टरी डिजीज का खतरा सबसे कम पाया गया है। यदि आपका ब्लड ग्रुप 'O' है तो आपके दिल को एक तरह की प्राकृतिक सुरक्षा मिली हुई है।
Non-O ग्रुप्स (A, B, AB) के लिए खतरे की घंटी
शोधकर्ताओं का दावा है कि जिन लोगों का ब्लड ग्रुप O नहीं है उनमें हार्ट अटैक का खतरा 6% से 23% तक अधिक हो सकता है।
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स्ट्रोक का खतरा: 'A' ब्लड ग्रुप वालों में 60 साल की उम्र से पहले स्ट्रोक होने की संभावना सबसे ज्यादा होती है।
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AB ग्रुप की चुनौती: इस ब्लड ग्रुप में स्ट्रोक का जोखिम 'O' ग्रुप के मुकाबले 1.6 से 7 गुना तक ज्यादा हो सकता है।
आखिर इन 3 ग्रुप्स को ही खतरा क्यों?
वैज्ञानिकों ने इसके पीछे दो मुख्य तकनीकी कारण बताए हैं:
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रक्त के थक्के (Blood Clotting): 'नॉन-ओ' ग्रुप्स में 'फैक्टर VIII' और 'वॉन विलेब्रैंड' जैसे प्रोटीन ज्यादा होते हैं। ये प्रोटीन खून को गाढ़ा करते हैं और धमनियों में थक्के जमने की संभावना बढ़ा देते हैं।
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सूजन (Inflammation): इन ब्लड ग्रुप्स के लोगों में 'इन्फ्लेमेटरी मार्कर्स' का स्तर अधिक होता है, जिससे नसों में रुकावट पैदा हो सकती है।
क्या कहते हैं विशेषज्ञ?
विशेषज्ञों का कहना है कि हालांकि ब्लड ग्रुप एक महत्वपूर्ण कारक है लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि 'O' ग्रुप वाले लापरवाह हो जाएं। हार्ट अटैक के पीछे अन्य कारण जैसे धूम्रपान, हाई बीपी, कोलेस्ट्रॉल और मोटापा भी समान रूप से जिम्मेदार हैं। इसलिए ब्लड ग्रुप कोई भी हो हेल्दी लाइफस्टाइल और नियमित जांच सभी के लिए अनिवार्य है।