Edited By Mansa Devi,Updated: 01 Apr, 2026 01:08 PM

पैन कार्ड अब हर वित्तीय लेनदेन के लिए अनिवार्य दस्तावेज बन चुका है। बैंकिंग, टैक्स फाइलिंग, निवेश या बिजनेस से जुड़े हर बड़े ट्रांजैक्शन के लिए यह जरूरी है। 1 अप्रैल 2026 से पैन कार्ड बनाने के नियमों में बड़े बदलाव होने जा रहे हैं।
नेशनल डेस्क: पैन कार्ड अब हर वित्तीय लेनदेन के लिए अनिवार्य दस्तावेज बन चुका है। बैंकिंग, टैक्स फाइलिंग, निवेश या बिजनेस से जुड़े हर बड़े ट्रांजैक्शन के लिए यह जरूरी है। 1 अप्रैल 2026 से पैन कार्ड बनाने के नियमों में बड़े बदलाव होने जा रहे हैं। अब सिर्फ आधार कार्ड के आधार पर पैन कार्ड बनवाना संभव नहीं होगा। इसके लिए कुछ अतिरिक्त दस्तावेज जमा करना अनिवार्य होगा। इसलिए जो लोग 1 अप्रैल के बाद नया पैन कार्ड बनवाने की योजना बना रहे हैं, उन्हें इन बदलावों से पहले ही अवगत होना जरूरी है।
सिर्फ आधार से नहीं बन सकेगा नया पैन कार्ड
सरकार ने पैन कार्ड के लिए आवेदन प्रक्रिया में बदलाव किया है। 31 मार्च तक अगर आप पैन कार्ड बनवाते हैं, तो सिर्फ आधार कार्ड के आधार पर ही यह बन जाएगा। लेकिन 1 अप्रैल से पैन कार्ड के लिए आवेदन करने पर आधार के अलावा अन्य दस्तावेज भी जमा करना होंगे। इसमें जन्म प्रमाण पत्र, वोटर आईडी कार्ड, पासपोर्ट, ड्राइविंग लाइसेंस, मैट्रिक सर्टिफिकेट या मजिस्ट्रेट द्वारा जारी किया गया एफिडेविट शामिल है। इसके अलावा, नए पैन कार्ड में आपका नाम वही दर्ज होगा जो आपके आधार कार्ड में है। अगर आधार कार्ड में नाम में कोई गलती है, तो उसे तुरंत सुधारना जरूरी है।
पुराने पैन एप्लीकेशन फॉर्म बंद होंगे
1 अप्रैल से पैन कार्ड बनाने के पुराने फॉर्म बंद कर दिए जाएंगे। सरकार नए फॉर्म जारी कर रही है। इसके बाद पुराने फॉर्म से नया पैन कार्ड बनाना या पुराने कार्ड में अपडेट (PAN Card Correction) कराना संभव नहीं होगा। इसलिए नए आवेदन या अपडेट के लिए नए फॉर्म का ही उपयोग करना होगा।
नाम में बदलाव के नए नियम
नए नियमों के अनुसार पैन कार्ड में दर्ज नाम बिल्कुल आधार कार्ड के अनुसार होना चाहिए। अगर आपके आधार कार्ड में नाम गलत है या कोई अंतर है, तो आवेदन करने से पहले उसे सुधारना जरूरी है। इन बदलावों के बाद पैन कार्ड बनवाने की प्रक्रिया और भी अधिक सटीक और सुरक्षित हो जाएगी। वित्तीय लेनदेन करने वाले लोगों के लिए यह बदलाव महत्वपूर्ण है, इसलिए समय रहते तैयारी करना आवश्यक है।