Edited By Rahul Singh,Updated: 02 Nov, 2026 07:52 PM

8,300 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से तैयार यह बहुप्रतीक्षित पिंक लाइन शहर के सबसे बड़े आईटी हब हिंजवड़ी को शिवाजीनगर से जोड़ेगी। इस रूट के शुरू होने से हजारों आईटी प्रोफेशनल्स और रोजाना सफर करने वाले यात्रियों का समय बचेगा।
पुणे: महाराष्ट्र की सांस्कृतिक और आईटी राजधानी पुणे के सार्वजनिक परिवहन में महिला सशक्तिकरण की एक ऐतिहासिक शुरुआत होने जा रही है। शहर को ट्रैफिक जाम से मुक्ति दिलाने और इंफ्रास्ट्रक्चर को नई मजबूती देने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 3 नवंबर को लगभग 21,800 करोड़ रुपये की मेट्रो परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे। इस भव्य आयोजन का सबसे मुख्य आकर्षण पुणे मेट्रो की 'पिंक लाइन' (Line-3) का उद्घाटन होगा, जिसकी पूरी कमान महिला ट्रेन ऑपरेटरों के हाथों में होगी।
8,300 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से तैयार यह बहुप्रतीक्षित पिंक लाइन शहर के सबसे बड़े आईटी हब हिंजवड़ी को शिवाजीनगर से जोड़ेगी। इस रूट के शुरू होने से हजारों आईटी प्रोफेशनल्स और रोजाना सफर करने वाले यात्रियों का समय बचेगा। महिला सशक्तिकरण के साथ-साथ यह प्रोजेक्ट पर्यावरण संरक्षण का भी बड़ा उदाहरण है, क्योंकि इस मेट्रो की लगभग 30 प्रतिशत बिजली की खपत सौर ऊर्जा से पूरी होगी। यह नया रूट अत्याधुनिक सुरक्षा तकनीकों, ऊर्जा-कुशल डिब्बों और दिव्यांग-अनुकूल सुविधाओं से लैस है।
इसके अलावा, प्रधानमंत्री मोदी 13,500 करोड़ रुपये की लागत वाले पुणे मेट्रो के दूसरे चरण (Phase-2) की भी आधारशिला रखेंगे। इस चरण में लाइन 2A, 2B, 4 और 4A शामिल हैं, जो शहर के नए रिहायशी इलाकों, कमर्शियल सेंटर्स और औद्योगिक हब को मुख्य मेट्रो नेटवर्क व इंटरसिटी बस सेवाओं से जोड़ेंगे। 21,800 करोड़ रुपये का यह विशाल पैकेज पुणे और उसके आसपास के उपनगरीय क्षेत्रों में ट्रैफिक के दबाव को कम करने और सस्टेनेबल अर्बन मोबिलिटी को बढ़ावा देने में गेमचेंजर साबित होगा।