रोहित शर्मा ने सुनाया क्रिकेट का दिलचस्प किस्सा, बोले- इस खिलाड़ी को आउट करना ही मिशन होता था, नहीं तो मैच हारते थे

Edited By Updated: 07 Jun, 2025 11:54 AM

rohit sharma narrated an interesting anecdote of domestic cricket

भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और दिग्गज बल्लेबाज रोहित शर्मा ने एक पुरानी याद साझा करते हुए बताया कि घरेलू क्रिकेट में मुंबई की टीम की सारी रणनीति सिर्फ एक खिलाड़ी को आउट करने के लिए बनाई जाती थी। वो खिलाड़ी थे - चेतेश्वर पुजारा। रोहित ने कहा...

नेशनल डेस्क: भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और दिग्गज बल्लेबाज रोहित शर्मा ने एक पुरानी याद साझा करते हुए बताया कि घरेलू क्रिकेट में मुंबई की टीम की सारी रणनीति सिर्फ एक खिलाड़ी को आउट करने के लिए बनाई जाती थी। वो खिलाड़ी थे - चेतेश्वर पुजारा। रोहित ने कहा कि जब भी मुंबई और सौराष्ट्र की टीमें आमने-सामने होती थीं, टीम मीटिंग में बस एक ही चर्चा होती थी – पुजारा को कैसे आउट करें।

पुजारा का विकेट ही तय करता था मैच का नतीजा

रोहित शर्मा ने इस बात को मजाकिया अंदाज़ में बताया लेकिन उनकी बात में गंभीरता भी थी। उन्होंने कहा, “अगर हम पुजारा को आउट नहीं कर पाते थे, तो हम मैच हार जाते थे।” पुजारा की बल्लेबाजी शैली और धैर्य ने विरोधी टीमों के लिए बड़ी चुनौती खड़ी की। रोहित ने कहा कि उनकी टीम को पता था कि अगर पुजारा टिक गए, तो वो अकेले ही मैच का रुख पलट सकते हैं। एक मजेदार किस्सा सुनाते हुए रोहित शर्मा ने कहा, “पुजारा के खिलाफ पूरा दिन फील्डिंग करने के बाद जब मैं घर लौटता था, तो मेरा चेहरा धूप में इतना झुलस जाता था कि मेरी मां घबरा जाती थीं। उन्होंने कई बार पूछा कि ऐसा क्या हो रहा है?”
रोहित ने हंसते हुए जवाब दिया, “मैंने मां को बताया  ये सब पुजारा के कारण है।” पुजारा की प्रतिबद्धता और जज़्बे की तारीफ करते हुए रोहित ने बताया कि “पुजारा ने दोनों घुटनों में एसीएल (ACL) की गंभीर चोट के बावजूद 100 से ज्यादा टेस्ट मैच खेले हैं। ये एक असाधारण उपलब्धि है।” रोहित ने यह भी कहा कि बहुत से खिलाड़ी ऐसी चोट के बाद खेलना छोड़ देते हैं लेकिन पुजारा ने न सिर्फ वापसी की, बल्कि भारत के लिए लंबे समय तक शानदार प्रदर्शन किया।

पत्नी की किताब लॉन्च के मौके पर हुए खुलासे

मुंबई में आयोजित एक खास कार्यक्रम में रोहित शर्मा ने यह बातें कही। मौका था – पुजारा की पत्नी पूजा पुजारा की किताब ‘द डायरी ऑफ ए क्रिकेटर्स वाइफ’ की लॉन्चिंग का। इस मौके पर रोहित शर्मा ने पुजारा की क्रिकेट यात्रा और उनकी मानसिक मजबूती की दिल खोलकर सराहना की।

पुजारा को क्यों माना जाता है मानसिक तौर पर सबसे मजबूत खिलाड़ी?

चेतेश्वर पुजारा को भारतीय टेस्ट टीम का “दीवार” कहा जाता है। उनकी बल्लेबाजी में एक खास बात है – धैर्य, तकनीक और समय पर नियंत्रण। रोहित शर्मा ने कहा कि पुजारा सिर्फ रन नहीं बनाते थे वो विपक्षी टीम की थकावट का भी फायदा उठाते थे। उन्होंने टेस्ट क्रिकेट को नए मायनों में समझाया और भारतीय टीम के लिए कई बार मुश्किल परिस्थितियों में ढाल बनकर खड़े हुए।

100 टेस्ट खेलने वाले गिने-चुने खिलाड़ियों में नाम दर्ज

चेतेश्वर पुजारा ने भारत के लिए अब तक 100 से ज्यादा टेस्ट मैच खेले हैं और कई यादगार पारियां खेली हैं। उनकी सबसे खास बात यह रही कि उन्होंने अपने करियर को सिर्फ तकनीक या फिटनेस से नहीं, बल्कि मजबूत इरादों से भी संभाला। ACL की चोट के बावजूद उनका मैदान पर डटे रहना युवा खिलाड़ियों के लिए एक प्रेरणा है।

Related Story

Trending Topics

IPL
Royal Challengers Bengaluru

190/9

20.0

Punjab Kings

184/7

20.0

Royal Challengers Bengaluru win by 6 runs

RR 9.50
img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!