Edited By Ramkesh,Updated: 25 Apr, 2026 02:07 PM

राजधानी की राजनीति में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। राज्यसभा सांसद Swati Maliwal ने आम आदमी पार्टी से इस्तीफा देकर भारतीय जनता पार्टी का दामन थाम लिया है। पार्टी छोड़ते हुए उन्होंने Arvind Kejriwal पर कई गंभीर आरोप लगाए। पार्टी में मची भगदड़ के बाद...
नई दिल्ली: राजधानी की राजनीति में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। राज्यसभा सांसद Swati Maliwal ने आम आदमी पार्टी से इस्तीफा देकर भारतीय जनता पार्टी का दामन थाम लिया है। पार्टी में मची भगदड़ के बाद अब केजरीवाल के सामने उनके बागी सांसदों ने बड़ी चुनौती खड़ी कर दी है क्यों कि जो पार्टी भ्रष्ठाचार को मिटाने को लेकर सत्ता में आई थी आज उसके ही सांसद पार्टी मुखिया पर गंभीर आरोप लगा कर एक- एक कर पार्टी छोड़ रहे हैं। ऐसे में अब केजरी वाल क्या करेंगे?
केजरीवाल पर तीखा हमला
मालिवाल ने दावा किया कि उन्होंने साल 2006 से केजरीवाल के साथ काम किया और आंदोलन से लेकर संगठन तक हर स्तर पर योगदान दिया, लेकिन बदले में उन्हें अपमान और प्रताड़ना झेलनी पड़ी। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके साथ मारपीट करवाई गई और आवाज उठाने पर उन्हें डराया-धमकाया गया। उन्होंने यह भी कहा कि पिछले दो वर्षों में उन्हें पार्टी की ओर से संसद में बोलने का अवसर नहीं दिया गया, जिससे उनकी भूमिका सीमित कर दी गई।
पंजाब सरकार पर भी निशाना
मालिवाल ने Arvind Kejriwal पर आरोप लगाते हुए कहा कि वह पंजाब सरकार को “रिमोट कंट्रोल” से चला रहे हैं और राज्य में रेत खनन व नशे जैसी समस्याएं बढ़ रही हैं। स्वाती मालिवाल के इस फैसले ने दिल्ली और राष्ट्रीय राजनीति में नई हलचल पैदा कर दी है। उनके आरोपों के बाद राजनीतिक बयानबाजी और तेज होने की संभावना है।
BJP में शामिल होने की वजह
BJP में शामिल होने को लेकर उन्होंने कहा कि यह कोई मजबूरी नहीं, बल्कि एक सोच-समझकर लिया गया फैसला है। उन्होंने Narendra Modi के नेतृत्व पर भरोसा जताते हुए उन्हें देश और विश्व का लोकप्रिय नेता बताया।
गौरतलब है कि शुक्रवार को संदीप पाठक और अशोक मित्तल के साथ राघव चड्ढा ने आम आदमी पार्टी छोड़ बीजेपी में शामिल हो गए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी अपने निजी हित में काम कर रही है। मूल सिद्धांतो से हटकर काम कर रही है।