Edited By Ramanjot,Updated: 16 Oct, 2026 11:38 AM

शुक्रवार सुबह मौसम बुलेटिन में आईएमडी ने 16 अक्टूबर को हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, पंजाब, उत्तर प्रदेश और पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों में बारिश होने का अनुमान जताया है। हालांकि, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और पंजाब में बारिश मुख्य रूप से शुक्रवार तक...
नई दिल्ली: भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने शुक्रवार को हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, उत्तराखंड, पश्चिमी उत्तर प्रदेश और पूर्वी राजस्थान के कुछ इलाकों में आंधी-तूफान, बिजली गिरने और 60 किमी प्रति घंटे तक की रफ्तार से हवाएं चलने की चेतावनी दी है। वहीं, दक्षिण भारत के कुछ हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश होने और तीन राज्यों में अचानक बाढ़ (फ्लैश-फ्लड) आने का अनुमान जताया है।
कुछ इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान
शुक्रवार सुबह मौसम बुलेटिन में आईएमडी ने 16 अक्टूबर को हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, पंजाब, उत्तर प्रदेश और पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों में बारिश होने का अनुमान जताया है। हालांकि, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और पंजाब में बारिश मुख्य रूप से शुक्रवार तक ही सीमित रहने की संभावना है, और 17 से 22 अक्टूबर के बीच मौसम शुष्क रहने के आसार हैं। विभाग ने 16 अक्टूबर को तमिलनाडु, पुडुचेरी, कराईकल और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक के कुछ इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान जताया है। इसके अलावा, तटीय आंध्र प्रदेश, रायलसीमा, तटीय कर्नाटक, केरल और माहे के कुछ हिस्सों में भी भारी बारिश होने की संभावना है। आने वाले दिनों में दक्षिण भारत में बारिश का दौर जारी रहने की उम्मीद है। 16 से 19 अक्टूबर तक तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में, तथा 16 से 22 अक्टूबर तक केरल, माहे, लक्षद्वीप, तटीय कर्नाटक और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में काफी व्यापक से लेकर व्यापक बारिश होने का अनुमान है।
कुछ हिस्सों में फ्लैश-फ्लड का खतरा
आईएमडी ने 17 अक्टूबर को सुबह 5:30 बजे तक के 24 घंटों के दौरान तमिलनाडु, केरल और कर्नाटक के कुछ हिस्सों में अचानक बाढ़ (फ्लैश-फ्लड) का कम से कम मध्यम स्तर का जोखिम होने की चेतावनी दी है। प्रभावित क्षेत्रों में तमिलनाडु के इरोड, नीलगिरि, थेनी, विल्लुपुरम और कुड्डालोर जिले; केरल के एर्नाकुलम और पलक्कड़; तथा कर्नाटक के कोडागु और चिकमगलूर जिले शामिल हैं। विभाग ने चेतावनी दी है कि भारी बारिश के कारण सतह पर पानी का बहाव, निचले इलाकों में जलभराव, और कुछ जगहों पर भूस्खलन या मिट्टी धंसने की घटनाएं हो सकती हैं, खासकर उन इलाकों में जहां जमीन पहले से ही पूरी तरह पानी से संतृप्त है। तेज हवाओं और भारी बारिश से खड़ी फसलों, बागवानी के पौधों, कमजोर ढांचों और सड़कों को नुकसान पहुंच सकता है, साथ ही सड़क और रेल यातायात भी बाधित हो सकता है।
हिमाचल प्रदेश में 2 दिन बारिश होने के आसार
उत्तरी पंजाब और उसके आसपास के इलाकों में एक पश्चिमी विक्षोभ चक्रवाती परिसंचरण के रूप में बना हुआ है। इसके साथ ही, दक्षिणी हरियाणा और उससे सटे उत्तरी राजस्थान के ऊपर भी एक और चक्रवाती परिसंचरण मौजूद है, जिसका असर उत्तर भारत के कुछ हिस्सों के मौसम पर पड़ रहा है। हिमाचल प्रदेश में 16 और 17 अक्टूबर को कहीं-कहीं बारिश होने के आसार है, जबकि उत्तराखंड में शुक्रवार को कुछ जगहों पर बारिश हो सकती है और उसके बाद अगले दो दिनों तक कहीं-कहीं बारिश होने के आसार हैं। आईएमडी ने 18 अक्टूबर को तेलंगाना और 17 अक्टूबर को ओडिशा में कहीं-कहीं भारी बारिश का अनुमान जताया है। मध्य और पूर्वी भारत के कुछ हिस्सों में आंधी-तूफान के साथ बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की संभावना है।