Edited By Tanuja,Updated: 15 Oct, 2026 06:58 PM

इजराइल ने नए विमानन सुरक्षा नियमों के तहत पाकिस्तान समेत 24 से अधिक देशों के नागरिकों और दोहरी नागरिकता रखने वाले लोगों की पायलट तथा चालक दल के सदस्य के रूप में तैनाती पर प्रतिबंध लगाया है। यह कदम फ्लाईदुबई की उड़ान में कथित अपहरण की कोशिश और भारतीय...
Islamabad: पाकिस्तानी पायलटों और चालक दल के सदस्यों को नये प्रतिबंधों के तहत इजराइल के हवाई क्षेत्र से गुजरने वाले विमानों में सेवाएं देने से रोक दिया गया है। पिछले महीने संयुक्त अरब अमीरात से इजराइल जा रहे एक विमान का अपहरण करने की कोशिश की गई थी। इस कथित साजिश को नाकाम करने के दौरान भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार घायल हो गये थे। इजराइल के सरकारी प्रसारक 'कान' की खबर के अनुसार विमान अपहरण की कोशिश के बाद परिवहन मंत्रालय के विमानन सुरक्षा संचालन केंद्र ने नये और संशोधित दिशानिर्देश जारी किए हैं। इजराइल के प्रसारक 'एन12' की खबर के अनुसार मंत्रालय ने एक अक्टूबर को विदेशी विमानन कंपनियों को इन प्रतिबंधों के बारे में सूचित किया था।
गत 30 सितंबर को दुबई से तेल अवीव जा रही 'फ्लाईदुबई' की उड़ान एफजेड 1073 के कॉकपिट में सह-पायलट ने कैप्टन स्मित मच्छार पर चाकू से हमला कर उन्हें गंभीर रूप से घायल कर दिया था। विमान का सह-पायलट विमान को कथित तौर पर गिराने की कोशिश कर रहा था, लेकिन विमान के भारतीय कैप्टन मच्छार ने बहादुरी से मुकाबला करते हुए उसके प्रयास को विफल कर दिया था। चाकू से किए गए हमले में मच्छार घायल हो गये थे, लेकिन वह 174 यात्रियों को ले जा रहे विमान को बचाने में सफल रहे थे।
नये दिशा-निर्देश के अनुसार, इजराइल के हवाई क्षेत्र में प्रवेश करने वाले विमानों के पायलटों और चालक दल के सदस्यों के पास ऐसे देशों की नागरिकता या दोहरी नागरिकता नहीं होनी चाहिए, जिनके इजराइल के साथ आधिकारिक राजनयिक संबंध नहीं हैं। समाचार पत्र 'हारेत्ज' की खबर के अनुसार इन प्रतिबंधों के दायरे में पाकिस्तान, ईरान, ओमान, सऊदी अरब, अल्जीरिया और ट्यूनीशिया समेत 24 से अधिक देशों के नागरिकों के साथ-साथ इन देशों की दोहरी नागरिकता रखने वाले लोग भी शामिल हैं। खबर के अनुसार इन प्रतिबंधों के मद्देनजर विमानन कंपनी ने अपने चालक दल की तैनाती में बदलाव किया था। इसमें कहा गया है कि विमान अपहरण की कोशिश की घटना के बाद इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने विमानों की सुरक्षा प्रक्रियाओं की समीक्षा करने का आदेश दिया था।