Edited By Anu Malhotra,Updated: 04 Mar, 2026 08:03 AM

कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी का नाम सुनते ही मन में डर बैठ जाता है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि आपके किचन में रखा खाना इस खतरे को काफी हद तक टाल सकता है? हाल ही में ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी द्वारा की गई एक व्यापक रिसर्च ने दुनिया को हैरान कर दिया है। इस...
Cancers Reduce Vegetarian Diet: कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी का नाम सुनते ही मन में डर बैठ जाता है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि आपके किचन में रखा खाना इस खतरे को काफी हद तक टाल सकता है? हाल ही में ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी द्वारा की गई एक व्यापक रिसर्च ने दुनिया को हैरान कर दिया है। इस अध्ययन में यह साफ हुआ है कि हमारी जीवनशैली और खान-पान का तरीका सीधे तौर पर कैंसर की संभावनाओं को तय करता है। रिसर्च के नतीजे बताते हैं कि मांस और मछली से दूरी बनाकर केवल शाकाहारी भोजन अपनाने वाले लोग कैंसर के विरुद्ध एक मजबूत सुरक्षा चक्र तैयार कर सकते हैं।
18 लाख लोगों पर 16 साल तक चली महा-रिसर्च
यह कोई मामूली सर्वे नहीं बल्कि एक वैश्विक स्तर का अध्ययन है। इसमें भारत, अमेरिका, ब्रिटेन और ताइवान जैसे देशों के करीब 18 लाख से ज्यादा लोगों के डेटा का बारीकी से विश्लेषण किया गया। शोधकर्ताओं ने लगभग 16 सालों तक मीट खाने वालों, मछली खाने वालों, शाकाहारियों और वीगन (डेयरी उत्पादों से परहेज करने वाले) लोगों की सेहत पर नजर रखी। इस लंबे अंतराल के बाद जो आंकड़े सामने आए, वे स्पष्ट रूप से शाकाहार के पक्ष में झुके हुए नजर आते हैं। वैज्ञानिकों का मानना है कि शाकाहारी भोजन शरीर के मेटाबॉलिज्म को दुरुस्त रखता है, जिससे कैंसर कोशिकाएं पनप नहीं पातीं।
इन 5 तरह के कैंसर पर शाकाहार का जबरदस्त प्रहार
इस रिसर्च की सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि इसने विशिष्ट रूप से पांच प्रकार के कैंसर के खतरों में आने वाली कमी को प्रतिशत के साथ दर्शाया है। आंकड़ों के अनुसार, जो लोग पूरी तरह शाकाहारी डाइट फॉलो करते हैं, उनमें ब्लड कैंसर होने की संभावना 31% तक कम हो जाती है। इसी तरह, किडनी के कैंसर का खतरा 28% और पैंक्रियाज (अग्न्याशय) के कैंसर का जोखिम 21% तक घट जाता है। पुरुषों में होने वाले प्रोस्टेट कैंसर के खतरे में 12% की गिरावट देखी गई, वहीं महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर की संभावना 9% तक कम पाई गई। ये आंकड़े साबित करते हैं कि थाली में मांस की जगह हरी सब्जियां और अनाज शामिल करना सेहत के लिए कितना बड़ा निवेश है।