Edited By jyoti choudhary,Updated: 18 Apr, 2026 05:42 PM

8 नवंबर 2016 को भारत सरकार ने 500 और 1000 रुपए के पुराने नोटों को बंद करने का फैसला लिया था। इस कदम का उद्देश्य काले धन, नकली नोटों और भ्रष्टाचार पर रोक लगाना था। उस समय लोगों को अपने पुराने नोट बैंक या RBI के अधिकृत केंद्रों पर जमा या बदलने के लिए...
बिजनेस डेस्कः 8 नवंबर 2016 को भारत सरकार ने 500 और 1000 रुपए के पुराने नोटों को बंद करने का फैसला लिया था। इस कदम का उद्देश्य काले धन, नकली नोटों और भ्रष्टाचार पर रोक लगाना था। हाल ही में सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है कि RBI ने बंद हो चुके पुराने नोटों को फिर से बदलने के लिए नए नियम जारी किए हैं। इस पर प्रेस सूचना ब्यूरो (PIB) की फैक्ट-चेक टीम ने स्पष्ट किया है कि यह दावा पूरी तरह गलत है।

वायरल खबरों की सच्चाई
PIB के अनुसार, RBI ने पुराने 500 और 1000 रुपए के नोट बदलने को लेकर कोई नया नियम जारी नहीं किया है। वित्तीय जानकारी के लिए केवल RBI की आधिकारिक वेबसाइट पर ही भरोसा करें। किसी भी संदिग्ध मैसेज को बिना जांचे आगे न भेजें।
अगर कोई जानकारी संदिग्ध लगे, तो उसे PIB फैक्ट-चेक टीम को व्हाट्सऐप (+91 8799711259) या ईमेल (factcheck@pib.gov.in) पर भेजकर सत्यापन कराया जा सकता है।
2000 रुपए के नोट पर स्थिति
मई 2023 में RBI ने 2000 रुपए के नोटों को चलन से धीरे-धीरे हटाने का फैसला लिया। हालांकि, 2016 की तरह इन्हें अमान्य (invalid) नहीं किया गया, बल्कि लोगों को इन्हें बैंक में जमा या बदलने का विकल्प दिया गया था।