Edited By Pardeep,Updated: 25 May, 2026 11:00 PM

ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव और वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतों में लगी आग के बीच केंद्र सरकार ने देश के करोड़ों गैस उपभोक्ताओं को बड़ी राहत दी है।
नई दिल्ली: ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव और वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतों में लगी आग के बीच केंद्र सरकार ने देश के करोड़ों गैस उपभोक्ताओं को बड़ी राहत दी है। सरकार ने एक 'मास्टर प्लान' तैयार किया है जिसके तहत रसोई गैस (LPG) और पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) के नियमों में ऐतिहासिक बदलाव किए गए हैं। अब घर में पाइप वाली गैस (PNG) लगने के बाद उपभोक्ताओं को अपना पुराना सिलेंडर वाला कनेक्शन स्थायी रूप से खत्म करने की मजबूरी नहीं होगी।
अब उपभोक्ताओं के पास होंगे दो विकल्प
सोमवार को जारी नए नियमों के अनुसार, जिन घरों में PNG का कनेक्शन लग गया है, उन उपभोक्ताओं को अब असमंजस में रहने की जरूरत नहीं है। सरकार ने उन्हें दो विशेष विकल्प दिए हैं:
- 30 दिनों में सरेंडर: पहला विकल्प यह है कि उपभोक्ता PNG लगने के 30 दिनों के भीतर अपना LPG कनेक्शन बंद करवा सकते हैं।
- ट्रांसफर वाउचर (नया विकल्प): सबसे खास बदलाव दूसरा विकल्प है। अब उपभोक्ता एक 'ट्रांसफर वाउचर' ले सकते हैं। इसकी मदद से यदि भविष्य में वे किसी ऐसे इलाके या शहर में जाते हैं जहाँ PNG की सुविधा नहीं है, तो वे अपना पुराना LPG कनेक्शन फिर से शुरू करवा सकेंगे।
नौकरीपेशा और किराएदारों को मिलेगा बड़ा फायदा
सरकार का यह कदम उन लाखों लोगों के लिए वरदान साबित होगा जिनकी नौकरी ट्रांसफर (Transferable Jobs) वाली है। इनमें सरकारी कर्मचारी, बैंककर्मी और प्राइवेट सेक्टर के वो लोग शामिल हैं जिन्हें बार-बार शहर बदलना पड़ता है। इसके अलावा, किराएदार, छात्र और प्रवासी परिवार भी इस सुविधा का भरपूर लाभ उठा सकेंगे, क्योंकि उन्हें नए शहर में नया गैस कनेक्शन लेने की भागदौड़ नहीं करनी पड़ेगी।
युद्ध के हालात और गैस की किल्लत पर सरकार की नजर
दरअसल, वैश्विक स्तर पर युद्ध के हालातों की वजह से पेट्रोल-डीजल के साथ-साथ गैस की किल्लत की आशंका भी बढ़ी है। इसी को ध्यान में रखते हुए केंद्र सरकार ने सप्लाई को नियंत्रित करने और उपभोक्ताओं को सुरक्षा देने के लिए यह फैसला लिया है।