Edited By jyoti choudhary,Updated: 06 Apr, 2026 12:15 PM

मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव और डोनाल्ड ट्रंप की ईरान को दी गई सख्त चेतावनी ने सोमवार को भारतीय शेयर बाजार की रफ्तार पर ब्रेक लगा दिया। शुरुआती बढ़त के बाद बाजार में अचानक बिकवाली हावी हो गई, जिससे निवेशकों का मूड पलभर में बदल गया।
बिजनेस डेस्कः मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव और डोनाल्ड ट्रंप की ईरान को दी गई सख्त चेतावनी ने सोमवार को भारतीय शेयर बाजार की रफ्तार पर ब्रेक लगा दिया। शुरुआती बढ़त के बाद बाजार में अचानक बिकवाली हावी हो गई, जिससे निवेशकों का मूड पलभर में बदल गया।
सप्ताह की मजबूत शुरुआत की उम्मीद के बीच BSE Sensex ने ओपनिंग में तेजी दिखाई लेकिन कुछ ही घंटों में यह 590 अंकों तक लुढ़क गया। वहीं Nifty 50 भी करीब 150 अंक टूटकर नीचे आ गया। इस गिरावट से निवेशकों को करीब 1.72 लाख करोड़ रुपए का नुकसान झेलना पड़ा।
क्यों आई गिरावट?
इस गिरावट की सबसे बड़ी वजह अमेरिका-ईरान के बीच बढ़ता टकराव है। ट्रंप ने चेतावनी दी है कि अगर ईरान ने Strait of Hormuz को नहीं खोला, तो अमेरिका हमले तेज कर सकता है। इस बयान ने वैश्विक बाजारों में डर का माहौल पैदा कर दिया।
तेल की कीमतों में उछाल
तनाव बढ़ने के साथ कच्चे तेल की कीमतों में भी जोरदार उछाल आया है।
- Brent Crude 110 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गया
- WTI Crude भी 111 डॉलर के आसपास कारोबार कर रहा है
तेल की बढ़ती कीमतें भारत जैसे आयात-निर्भर देश के लिए चिंता बढ़ाती हैं, जिससे बाजार पर दबाव और बढ़ गया।
ग्लोबल संकेत भी मिले-जुले
जहां एशियाई बाजारों में हल्की मजबूती दिखी, वहीं अमेरिकी बाजारों में छुट्टी के कारण स्पष्ट संकेत नहीं मिल सके। निवेशक फिलहाल भू-राजनीतिक घटनाक्रमों पर नजर बनाए हुए हैं।