Edited By Prachi Sharma,Updated: 14 Mar, 2026 09:34 AM

Adi Kailash Yatra : उत्तराखंड के पिथौरागढ़ जिले की व्यास घाटी में स्थित भगवान शिव के पवित्र धाम आदि कैलाश की यात्रा इस साल 8 मई से शुरू होने जा रही है। अधिकारियों के अनुसार, यह यात्रा राज्य के तीन स्थानों—हल्द्वानी, टनकपुर और धारचूला—से प्रारंभ...
शास्त्रों की बात, जानें धर्म के साथ
Adi Kailash Yatra : उत्तराखंड के पिथौरागढ़ जिले की व्यास घाटी में स्थित भगवान शिव के पवित्र धाम आदि कैलाश की यात्रा इस साल 8 मई से शुरू होने जा रही है। अधिकारियों के अनुसार, यह यात्रा राज्य के तीन स्थानों—हल्द्वानी, टनकपुर और धारचूला—से प्रारंभ होगी।
यात्रा का संचालन कुमाऊं मंडल विकास निगम लिमिटेड (केएमवीएन) कर रहा है। निगम के महाप्रबंधक विजयनाथ शुक्ला ने बताया कि इन तीनों स्थानों से कुल 15 जत्थे श्रद्धालुओं के आदि कैलाश के लिए रवाना होंगे। हल्द्वानी से जाने वाली यात्रा आठ दिनों में पूरी होगी, जबकि टनकपुर से शुरू होने वाली यात्रा छह दिनों की होगी। वहीं धारचूला से निकलने वाले श्रद्धालु पांच दिनों में अपनी यात्रा पूरी करेंगे। यात्रा का पहला चरण 10 जून को समाप्त हो जाएगा।
आदि कैलाश यात्रा की शुरुआत वर्ष 1981 में कैलाश मानसरोवर यात्रा दोबारा शुरू होने के बाद हुई थी। वर्ष 2023 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के यहां दौरे के बाद इस तीर्थ यात्रा की लोकप्रियता काफी बढ़ी है। अधिकारियों के मुताबिक, पहले हर साल लगभग 2000 श्रद्धालु इस यात्रा में शामिल होते थे, लेकिन 2023 में यह संख्या बढ़कर करीब 28,000 हो गई। इसके बाद पिछले साल तीर्थयात्रियों की संख्या 36,000 से भी अधिक पहुंच गई।