Edited By Niyati Bhandari,Updated: 03 Jan, 2026 08:59 AM

Calendar Vastu Tips 2026: नया साल जीवन में नई ऊर्जा, नई शुरुआत और सकारात्मक बदलाव का प्रतीक होता है। ऐसे में नए साल का कैलेंडर लगाना केवल तारीख देखने का माध्यम नहीं, बल्कि वास्तु शास्त्र के अनुसार यह भाग्य और वातावरण को भी प्रभावित करता है।
Calendar Vastu Tips 2026: नया साल जीवन में नई ऊर्जा, नई शुरुआत और सकारात्मक बदलाव का प्रतीक होता है। ऐसे में नए साल का कैलेंडर लगाना केवल तारीख देखने का माध्यम नहीं, बल्कि वास्तु शास्त्र के अनुसार यह भाग्य और वातावरण को भी प्रभावित करता है। यदि कैलेंडर सही दिशा, सही स्थान और सही नियमों के अनुसार लगाया जाए, तो यह घर और कार्यालय में सुख, शांति, तरक्की और सकारात्मक ऊर्जा लाता है। नए साल का कैलेंडर लगाते समय वास्तु के कौन-कौन से नियमों का पालन करना चाहिए और शुभता के लिए क्या करना चाहिए, जानते हैं।
नए साल का कैलेंडर लगाते समय क्या करना चाहिए (वास्तु अनुसार)
पुराने कैलेंडर को सम्मानपूर्वक हटाएं
नया कैलेंडर लगाने से पहले पुराने साल के कैलेंडर को जरूर हटा दें।
फटे, गंदे या खराब कैलेंडर को घर में न रखें।
पुराने कैलेंडर को साफ कपड़े में लपेटकर सम्मानपूर्वक नष्ट करें।
इससे नकारात्मक ऊर्जा हटती है।
कैलेंडर लगाने की शुभ दिशा
वास्तु शास्त्र के अनुसार कैलेंडर लगाने की सबसे शुभ दिशाएं हैं:
उत्तर दिशा – करियर, धन और अवसरों के लिए
पूर्व दिशा – स्वास्थ्य, प्रगति और सकारात्मकता के लिए
दक्षिण दिशा में कैलेंडर लगाना अशुभ माना जाता है, क्योंकि यह यम दिशा है और प्रगति में बाधा ला सकती है।

कैलेंडर में सही तस्वीरों का चयन
कैलेंडर पर बनी तस्वीरें ऊर्जा को प्रभावित करती हैं।
शुभ मानी जाने वाली तस्वीरें
भगवान, देवी-देवता, प्रकृति, हरियाली, जल, सूर्योदय, सकारात्मक और शांत दृश्य।
अशुभ मानी जाने वाली तस्वीरें:
युद्ध, हिंसा, उदासी, सूखे पेड़, डूबता सूरज, अकेलापन या नकारात्मक भाव दर्शाती तस्वीरें।
टूटा या रुका हुआ समय न दिखे
कैलेंडर हमेशा साफ, सही तारीख पर और अपडेटेड होना चाहिए।
गलत तारीख या रुका हुआ कैलेंडर रुकी हुई प्रगति का संकेत माना जाता है।

कैलेंडर कहां न लगाएं
वास्तु के अनुसार कैलेंडर इन स्थानों पर न लगाएं:
शौचालय, सीढ़ियों के नीचे, दरवाजे के पीछे, रसोई में चूल्हे के ठीक सामने
शुभता और सौभाग्य के लिए विशेष वास्तु उपाय
कैलेंडर लगाते समय दीपक जलाएं। ईश्वर का स्मरण करें। घर में धूप या अगरबत्ती करें। सोमवार या गुरुवार को लगाना श्रेष्ठ है। ये दिन शुभ ग्रहों से जुड़े होते हैं और सकारात्मक ऊर्जा बढ़ाते हैं। उत्तर दिशा में घड़ी और कैलेंडर। यदि संभव हो तो घड़ी और कैलेंडर दोनों उत्तर या पूर्व दिशा में रखें।
नया साल का कैलेंडर केवल तारीखों का संग्रह नहीं, बल्कि समय, कर्म और भाग्य का प्रतीक है। वास्तु शास्त्र के अनुसार सही दिशा, सही स्थान और सही भाव से लगाया गया कैलेंडर जीवन में नई संभावनाएं, सफलता और शांति लेकर आता है।
