Edited By Prachi Sharma,Updated: 12 Mar, 2026 02:17 PM

Radha Rani Naam : राधा रानी का नाम साक्षात प्रेम, करुणा और भक्ति का सागर है। शास्त्रों में कहा गया है कि राधा नाम का जप करने मात्र से भगवान श्रीकृष्ण स्वयं उस भक्त की सुध लेने चले आते हैं। राधा नाम में वह शक्ति है जो न केवल मानसिक शांति देती है,...
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Radha Rani Naam : राधा रानी का नाम साक्षात प्रेम, करुणा और भक्ति का सागर है। शास्त्रों में कहा गया है कि राधा नाम का जप करने मात्र से भगवान श्रीकृष्ण स्वयं उस भक्त की सुध लेने चले आते हैं। राधा नाम में वह शक्ति है जो न केवल मानसिक शांति देती है, बल्कि जीवन की बड़ी से बड़ी कठिनाइयों को भी पल भर में दूर कर सकती है। यदि आप जीवन में किसी उलझन, भय या परेशानी से घिरे हैं, तो राधा रानी के इन चमत्कारी नामों का जप आपके लिए संजीवनी साबित हो सकता है।
राधा जी के 108 नाम
ॐ श्रीराधायै नम:
ॐ राधिकायै नम:
ॐ जीवायै नम:
ॐ जीवानन्दप्रदायिन्यै नम:
ॐ नन्दनन्दनपत्न्यै नम:
ॐ वृषभानुसुतायै नम:
ॐ शिवायै नम:
ॐ गणाध्यक्षायै नम:
ॐ गवाध्यक्षायै नम:
ॐ जगन्नाथप्रियायै नम:
ॐ किशोर्यै नम:
ॐ कमलायै नम:
ॐ कृष्णवल्लभायै नम:
ॐ कृष्णसंयुतायै नम:
ॐ वृन्दावनेश्वर्यै नम:
ॐ कृष्णप्रियायै नम:
ॐ मदनमोहिन्यै नम:
ॐ श्रीमत्यै कृष्णकान्तायै नम:
ॐ कृष्णानन्दप्रदायिन्यै नम:
ॐ यशस्विन्यै नम:
ॐ यशोगम्यायै नम:
ॐ यशोदानन्दवल्लभायै नम:
ॐ दामोदरप्रियायै नम:
ॐ गोकुलानन्दकर्त्र्यै नम:
ॐ गोकुलानन्ददायिन्यै नम:
ॐ गतिप्रदायै नम:
ॐ गीतगम्यायै नम:
ॐ गमनागमनप्रियायै नम:
ॐ विष्णुप्रियायै नम:
ॐ विष्णुकान्तायै नम:
ॐ विष्णोरंकनिवासिन्यै नम:
ॐ यशोदानन्दपत्न्यै नम:
ॐ यशोदानन्दगेहिन्यै नम:
ॐ कामारिकान्तायै नम:
ॐ कामेश्यै नम:
ॐ कामलालसविग्रहायै नम:
ॐ जयप्रदायै नम:
ॐ जयायै नम:
ॐ गोप्यै नम:
ॐ गोपानन्दकर्यै नम:
ॐ कृष्णांगवासिन्यै नम:
ॐ हृद्यायै नम:
ॐ चित्रमालिन्यै नम:
ॐ विमलायै नम:
ॐ दु:खहन्त्र्यै नम:
ॐ मत्यै नम:
ॐ धृत्यै नम:
ॐ लज्जायै नम:
ॐ कान्त्यै नम:
ॐ पुष्टयै नम:
ॐ गोकुलत्वप्रदायिन्यै नम:
ॐ केशवायै नम:
ॐ केशवप्रीतायै नम:
ॐ रासक्रीडाकर्यै नम:
ॐ रासवासिन्यै नम:
ॐ राससुन्दर्यै नम:
ॐ हरिकान्तायै नम:
ॐ हरिप्रियायै नम:
ॐ प्रधानगोपिकायै नम:
ॐ गोपकन्यायै नम:
ॐ त्रैलोक्यसुन्दर्यै नम:
ॐ वृन्दावनविहारिण्यै नम:
ॐ विकसितमुखाम्बुजायै नम:
ॐ पद्मायै नम:
ॐ पद्महस्तायै नम:
ॐ पवित्रायै नम:
ॐ सर्वमंगलायै नम:
ॐ कृष्णकान्तायै नम:
ॐ विचित्रवासिन्यै नम:
ॐ वेणुवाद्यायै नम:
ॐ वेणुरत्यै नम:
ॐ सौम्यरूपायै नम:
ॐ ललितायै नम:
ॐ विशोकायै नम:
ॐ विशाखायै नम:
ॐ लवंगनाम्न्यै नम:
ॐ कृष्णभोग्यायै नम:
ॐ चन्द्रवल्लभायै नम:
ॐ अर्द्धचन्द्रधरायै नम:
ॐ रोहिण्यै नम:
ॐ कामकलायै नम:
ॐ बिल्ववृक्षनिवासिन्यै नम:
ॐ बिल्ववृक्षप्रियायै नम:
ॐ बिल्वोपमस्तन्यै नम:
ॐ तुलसीतोषिकायै नम:
ॐ गजमुक्तायै नम:
ॐ महामुक्तायै नम:
ॐ महामुक्तिफलप्रदायै नम:
ॐ प्रेमप्रियायै नम:
ॐ प्रेमरुपायै नम:
ॐ प्रेमभक्तिप्रदायै नम:
ॐ प्रेमक्रीडापरीतांग्यै नम:
ॐ दयारुपायै नम:
ॐ गौरचन्द्राननायै नम:
ॐ कलायै नम:
ॐ शुकदेवगुणातीतायै नम:
ॐ शुकदेवप्रियायै सख्यै नम:
ॐ रतिप्रदायै नम:
ॐ चैतन्यप्रियायै नम:
ॐ सखीमध्यनिवासिन्यै नम:
ॐ मथुरायै नम:
ॐ श्रीकृष्णभावनायै नम:
ॐ पतिप्राणायै नम:
ॐ पतिव्रतायै नम:
ॐ सकलेप्सितदात्र्यै नम:
ॐ कृष्णभार्यायै नम:
ॐ श्यामसख्यै नम:
ॐ कल्पवासिन्यै नम:

इन नामों के जाप का विशेष फल
मानसिक शांति: आज के भागदौड़ भरे जीवन में तनाव आम है। यदि आप रोज सोने से पहले या सुबह उठकर 108 बार राधे-राधे का जाप करें, तो मानसिक अशांति धीरे-धीरे दूर हो जाएगी।
भय और बाधाओं से मुक्ति: यदि आपको किसी काम में सफलता नहीं मिल रही या किसी अज्ञात भय से परेशान हैं, तो राधा रानी के इन नामों का निरंतर स्मरण करें। वे आपकी रक्षा के लिए ढाल बनकर खड़ी हो जाती हैं।
प्रेम और सौम्यता: जिस घर में राधा रानी के नामों का गुंजन होता है, वहां कलह और क्लेश नहीं रहता। वहां प्रेम और आपसी सामंजस्य का वास होता है।
जप करने का सही तरीका
शुद्धता और भाव: नाम जप करते समय मन में पूर्ण श्रद्धा रखें। यह जरूरी नहीं कि आप आसन पर बैठकर ही जपें, आप चलते-फिरते या काम करते हुए भी मन ही मन राधे-राधे का सुमिरन कर सकते हैं।
माला का प्रयोग: यदि आप माला से जप करना चाहते हैं, तो तुलसी की माला सबसे उत्तम मानी गई है।
शुद्ध उच्चारण: नामों का उच्चारण प्रेम और स्पष्टता के साथ करें। जब आप नाम का जप करें, तो यह महसूस करें कि राधा रानी आपके पास ही हैं और आपको सुन रही हैं।
