Rose Day 2026: 7 फरवरी को क्यों मनाया जाता है रोज डे? जानिए गुलाब का धार्मिक, ज्योतिषीय महत्व और शुभ उपाय

Edited By Updated: 06 Feb, 2026 07:09 PM

rose day 2026

Rose Day 2026: हर साल 7 फरवरी को वैलेंटाइन वीक की शुरुआत रोज डे (Rose Day) से होती है। इस दिन लोग गुलाब देकर अपने प्रेम, सम्मान और दोस्ती का इज़हार करते हैं। आमतौर पर रोज डे को सिर्फ प्रेम से जोड़कर देखा जाता है, लेकिन धर्म और ज्योतिष के अनुसार भी...

Rose Day 2026: हर साल 7 फरवरी को वैलेंटाइन वीक की शुरुआत रोज डे (Rose Day) से होती है। इस दिन लोग गुलाब देकर अपने प्रेम, सम्मान और दोस्ती का इज़हार करते हैं। आमतौर पर रोज डे को सिर्फ प्रेम से जोड़कर देखा जाता है, लेकिन धर्म और ज्योतिष के अनुसार भी गुलाब का विशेष महत्व माना गया है। ज्योतिष शास्त्र में गुलाब को ग्रहों, भावनाओं और सकारात्मक ऊर्जा से जोड़कर देखा जाता है।

PunjabKesari Rose Day 2026

धार्मिक दृष्टि से गुलाब का महत्व
हिंदू धर्म में फूलों को देवी-देवताओं की पूजा में विशेष स्थान प्राप्त है। गुलाब का फूल देवी लक्ष्मी और भगवान विष्णु को अत्यंत प्रिय माना जाता है। मान्यता है कि पूजा में गुलाब अर्पित करने से घर में सुख-समृद्धि और सौभाग्य का वास होता है। इसके अलावा गुलाब प्रेम, सौंदर्य और शुद्ध भावनाओं का प्रतीक है। यही कारण है कि रोज डे को रिश्तों की शुद्धता और मधुरता से जोड़ा जाता है।

ज्योतिष में गुलाब और ग्रहों का संबंध
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार गुलाब का संबंध मुख्य रूप से शुक्र ग्रह से माना जाता है। शुक्र प्रेम, वैवाहिक जीवन, आकर्षण और ऐश्वर्य का कारक ग्रह है। जिन लोगों की कुंडली में शुक्र कमजोर होता है, उन्हें गुलाब से जुड़े उपाय करने की सलाह दी जाती है। रोज डे के दिन गुलाब देना या गुलाब के फूल से जुड़े उपाय करने से शुक्र ग्रह मजबूत होता है और प्रेम संबंधों में मधुरता आती है।

Rose Day 2026

रोज डे पर करें ये ज्योतिषीय उपाय
7 फरवरी को किसी जरूरतमंद या मंदिर में गुलाब के फूल दान करें।
माता लक्ष्मी को गुलाब अर्पित करें और सुख-समृद्धि की कामना करें।
अपने प्रिय को लाल गुलाब दें, इससे रिश्ते में प्रेम और स्थायित्व बढ़ता है।
शुक्र दोष से परेशान लोग गुलाब की खुशबू वाले इत्र का उपयोग कर सकते हैं।

रोज डे का आध्यात्मिक संदेश
रोज डे सिर्फ प्रेम व्यक्त करने का दिन नहीं है, बल्कि यह भावनाओं में पवित्रता, सच्चाई और संतुलन लाने का भी प्रतीक है। धर्म और ज्योतिष के अनुसार, जब प्रेम में ईमानदारी और सकारात्मक ऊर्जा होती है, तभी संबंध लंबे समय तक टिकते हैं।

प्रेमियों के मसीहा हैं शुक्र देव
शुक्र प्रेम का ग्रह माना जाता है। शुक्र देव की पूजा करने से प्रेम विवाह की संभावनाएं प्रबल होती है। प्रेम का पूरा मामला शुक्र ग्रह पर र्निभर करता है। शुक्र मजबूत है तो रिश्ते बनेंगे। वैसे बहुत कुछ बाकी ग्रहों के शुक्र से मिलन पर भी निर्भर करता है। जातक के जीवन में मुख्य रूप से शुक्र ग्रह प्रेम की भावनाओं को प्रदर्शित करता है।

'मून' यानी चन्द्र मन का जातक होने के कारण जब शुक्र के साथ मिलन करता है तो प्रेम की भावनाएं जागृत होती है। कुंडली में पांचवां भाव हमारे दिल के भावों को प्रस्तुत करता है। विशेषकर प्रेम संबंधों को। राशियों के अनुरूप प्रेम संबंधों से सरोबार जातक की पहचान सरल नहीं है क्योंकि शुक्र के अलावा अन्य ग्रह भी रिश्तों के बनने-बिगड़ने में बड़ी अहम भूमिका निभाते हैं।

PunjabKesari Rose Day 2026

शुक्र मंत्र (Shukar Mantra)
शुक्र देव के सामान्य मन्त्र: " ॐ शुं शुक्राय नमः "
शुक्र देव के बीज मन्त्र: " ॐ द्राम द्रीम द्रौम सः शुक्राय नमः "
शुक्र देव के गायत्री मन्त्र: " ॐ शुक्राय विद्महे , शुक्लाम्बर - धरः , धीमहि तन्न: शुक्र प्रचोदयात "
शुक्र देव के वैदिक मन्त्र: " ॐ अन्नात्परिश्रुतो रसं ब्रह्म्न्नाव्य पिबत् - क्षत्रम्पयः सोमम्प्रजापति ! ऋतेन सत्यमिन्द्रिय्वीपानं-गुं -शुक्र्मन्धस्य - इन्द्रस्य - इन्द्रियम - इदं पयो - अमृतं मधु !!"
शुक्र देव के पौराणिक मन्त्र: " ॐ हिमकुंद - मृनालाभं दैत्यानां परमं गुरुं ! सर्वशास्त्र प्रवक्तारं भार्गवं प्रन्माम्य्हम !!"
शुक्र देव के ध्यान मन्त्र : " दैत्यानां गुरु : तद्वत श्वेत - वर्णः चतुर्भुजः ! दंडी च वरदः कार्यः साक्ष - सूत्र - कमंड - लु: !!"

Rose Day 2026

शास्त्रों की बात, जानें धर्म के साथ

 

Related Story

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!