Edited By Sarita Thapa,Updated: 09 Aug, 2026 12:38 PM

सावन के माह में सच्चे मन से शिव जी की पूजा करने और व्रत रखने से शिव जी की विशेष कृपा बनी रहती है। सनातन धर्म में सावन माह के सोमवार व्रत का अत्यंत विशेष आध्यात्मिक महत्व है। साल 2026 में सावन का दूसरा सोमवार का व्रत 10 अगस्त, 2026 को रखा जाएगा।
Sawan 2nd Somwar 2026 : सावन के माह में सच्चे मन से शिव जी की पूजा करने और व्रत रखने से शिव जी की विशेष कृपा बनी रहती है। सनातन धर्म में सावन माह के सोमवार व्रत का अत्यंत विशेष आध्यात्मिक महत्व है। साल 2026 में सावन का दूसरा सोमवार का व्रत 10 अगस्त, 2026 को रखा जाएगा। इस बार का दूसरा सावन सोमवार ज्योतिषीय और धार्मिक दृष्टि से बेहद दुर्लभ माना जा रहा है। 6 साल बाद इस बार सावन के दूसरे सोमवार पर सोम प्रदोष व्रत का संयोग बन रहा है। इस दिन की गई पूजा का उल कई गुना बढ़ जाता है। यदि आप लंबे समय से आर्थिक तंगी, स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं या मानसिक तनाव से जूझ रहे हैं, तो सावन के दूसरे सोमवार पर शिवलिंग का विशेष सामग्रियों से अभिषेक करके महादेव की असीम कृपा प्राप्त कर सकते हैं। तो आइए जानते हैं कि सावन के दूसरे सोमवार शिवलिंग पर कौन सी चीजें अर्पित करनी चाहिए।
6 साल बाद क्यों खास है यह सावन सोमवार?
ज्योतिषीय गणना के अनुसार, इस सावन सोमवार पर सर्वार्थ सिद्धि योग और शुभ नक्षत्रों की दुर्लभ युति बन रही है। ऐसा महासंयोग 6 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद आया है। मान्यता है कि इस दुर्लभ योग में किए गए जलाभिषेक और मंत्र जाप से महादेव अत्यंत शीघ्र प्रसन्न होते हैं और साधक की हर जायज़ मनोकामना पूरी करते हैं।

कच्चे दूध और गंगाजल से अभिषेक
यदि आपके जीवन में मानसिक तनाव है या घर में हमेशा कलह बनी रहती है, तो कच्चे दूध में थोड़ा गंगाजल मिलाकर शिवलिंग पर अर्पित करें। इससे मानसिक शांति मिलती है और पारिवारिक जीवन खुशहाल होता है।
शहद और इत्र का अभिषेक
सावन के दूसरे सोमवार पर शिवलिंग का शहद और इत्र से अभिषेक करें। माना जाता है कि ऐसा करने से व्यापार में उन्नति और धन-धान्य की वृद्धि होती है। साथ ही इससे आर्थिक बाधाएं दूर होती हैं और अटका हुआ धन वापस आता है।
गन्ने के रस से अभिषेक
यदि आप भारी कर्ज के बोझ तले दबे हैं या संपत्ति संबंधी विवाद चल रहा है, तो इस शुभ योग में शिवलिंग पर गन्ने का रस अर्पित करें। इससे दरिद्रता समाप्त होती है और लक्ष्मी जी का वास होता है।
दही और शुद्ध देसी घी
जो लोग लंबे समय से किसी बीमारी से पीड़ित हैं या शारीरिक कमजोरी महसूस कर रहे हैं, उन्हें दही और घी से शिवलिंग का अभिषेक करना चाहिए। इससे आरोग्यता और दीर्घायु प्राप्त होती है।
