Edited By Sanjeev,Updated: 30 Sep, 2026 01:58 PM

Bank robbery in 1988, sentencing in 2026: 76-year-old Kerala man gets 13 years in jail.
कल्पेट्टा (केरल) : वायनाड के नल्लुरनाड सर्विस कोऑपरेटिव बैंक में 1988 में हुई डकैती में शामिल होने के आरोप में 76 साल के एक व्यक्ति को 13 साल की जेल और 16,000 रुपए जुर्माने की सजा सुनाई गई है। एडिशनल डिस्ट्रिक्ट एंड सेशंस कोर्ट के जज एल. जयवंत ने मंगलवार को कोल्लम के रहने वाले अब्दुल समद को इस मामले में सजा सुनाई। अगर वह जुर्माना नहीं भर पाता है, तो उसे 10 महीने की अतिरिक्त जेल काटनी होगी।
पुलिस के मुताबिक डकैती 8 जनवरी 1988 की सुबह हुई थी, जब छह लोगों के एक गिरोह ने बैंक में घुसकर वारदात को अंजाम दिया था। गिरोह एक कार में आया, ताले तोड़े और बैंक के अंदर घुस गया। लुटेरे एक तिजोरी, लगभग एक किलोग्राम सोने के गहने और 5,544 रुपए नकद ले गए। अभियोजन पक्ष के अनुसार शोर सुनकर बैंक पहुंचे 2 लोगों पर रॉड से हमला किया गया था। चार आरोपी सुबैर, सुरेश बाबू, अलीकुट्टी और नसीर को 1993 में गिरफ्तार कर सजा सुनाई गई थी। एक अन्य आरोपी ओ.के. बाबू, जो फरार चल रहा था, ने 2017 में कोर्ट के सामने सरेंडर किया और बाद में उसे सजा सुनाई गई।
समद को पुलिस ने अक्टूबर 2024 में गिरफ्तार किया था। न्यायिक हिरासत में रहते हुए उस पर मुकदमा चला। कोर्ट ने इस मामले में लगभग 40 गवाहों के बयान दर्ज किए। अभियोजन पक्ष ने सबूत के तौर पर 166 दस्तावेज और जब्त की गई 21 चीजें कोर्ट के सामने पेश कीं। शुरुआती जांच तत्कालीन मनंतवाडी पुलिस ने की थी और बाद में इसे जिला CBCID ने अपने हाथ में ले लिया।