Edited By Rohini Oberoi,Updated: 24 Mar, 2026 04:16 PM

राजस्थान के खैरथल-तिजारा जिले में भिवाड़ी पुलिस ने एक महिला की हत्या (Blind Murder) का पर्दाफाश करते हुए उसके पति नदीम को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने अपनी पत्नी गुलफ्सा की हत्या कर उसका शव गोधान की पहाड़ियों में फेंक दिया था। पुलिस की कड़ाई से पूछताछ...
नेशनल डेस्क। राजस्थान के खैरथल-तिजारा जिले में भिवाड़ी पुलिस ने एक महिला की हत्या (Blind Murder) का पर्दाफाश करते हुए उसके पति नदीम को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने अपनी पत्नी गुलफ्सा की हत्या कर उसका शव गोधान की पहाड़ियों में फेंक दिया था। पुलिस की कड़ाई से पूछताछ में जो सच सामने आया उसने सबके होश उड़ा दिए।
पहाड़ी पर मिला था लहूलुहान शव
21 मार्च 2026 को पुलिस को सूचना मिली थी कि गोधान की पहाड़ियों में एक अज्ञात महिला का शव पड़ा है। मृतका का सिर पत्थर से कुचला गया था। भिवाड़ी पुलिस और FSL टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए। जांच के बाद मृतका की पहचान मध्य प्रदेश के सागर की रहने वाली गुलफ्सा के रूप में हुई।
प्यार, शादी और फिर खूनी अंत
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी नदीम (निवासी उत्तर प्रदेश) और गुलफ्सा की मुलाकात हैदराबाद की एक कंपनी में काम करने के दौरान हुई थी। 5 साल पहले दोनों ने लव मैरिज की थी लेकिन शादी के कुछ समय बाद ही इनके रिश्तों में खटास आ गई।
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आरोपी के कबूलनामे ने चौंकाया
गिरफ्तारी के बाद नदीम ने पुलिस को बताया कि वह अपनी पत्नी से तंग आ चुका था। उसके मुताबिक गुलफ्सा की रीढ़ की हड्डी का ऑपरेशन हुआ था और उसे टीबी (TB) भी थी जिसका इलाज चल रहा था। नदीम इन बीमारियों और इलाज के खर्च से परेशान था। नदीम का आरोप है कि गुलफ्सा जिद्दी थी और उस पर अपनी मर्जी चलाती थी। वह उसे अपने साथ मध्य प्रदेश ले जाना चाहती थी। मृतका ने पहले नदीम पर दहेज उत्पीड़न का मामला दर्ज कराया था जिससे वह नाराज था। ईद के दिन हुए झगड़े के बाद उसने गुलफ्सा को रास्ते से हटाने की साजिश रची और घूमने के बहाने पहाड़ी पर ले जाकर पत्थर से उसका सिर कुचल दिया।
दो मासूम जिंदगियों का खात्मा
गुलफ्सा के परिजनों ने पुलिस को बताया कि वह 3 महीने की गर्भवती थी। आरोपी ने न केवल अपनी पत्नी की जान ली, बल्कि अपने अजन्मे बच्चे की भी हत्या कर दी। परिजनों का आरोप है कि नदीम शादी के बाद से ही उसे दहेज के लिए प्रताड़ित करता था और अक्सर उसे छोड़कर भाग जाता था। 19 फरवरी को ही वे भिवाड़ी आए थे, जहाँ इस वारदात को अंजाम दिया गया।