Edited By Mansa Devi,Updated: 12 Mar, 2026 03:25 PM

सरकारी नौकरी करने वाले लाखों कर्मचारी और पेंशनर लंबे समय से 8वें केंद्रीय वेतन आयोग से जुड़ी अपडेट का इंतजार कर रहे थे। हर वेतन आयोग के दौर में सैलरी स्ट्रक्चर, भत्तों और पेंशन में बड़े बदलाव की उम्मीद रहती है।
नेशनल डेस्क: सरकारी नौकरी करने वाले लाखों कर्मचारी और पेंशनर लंबे समय से 8वें केंद्रीय वेतन आयोग से जुड़ी अपडेट का इंतजार कर रहे थे। हर वेतन आयोग के दौर में सैलरी स्ट्रक्चर, भत्तों और पेंशन में बड़े बदलाव की उम्मीद रहती है। इस बार सरकार ने प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए आधिकारिक ऑनलाइन पोर्टल लॉन्च किया है। अब कर्मचारी और पेंशनर सीधे पोर्टल पर लॉगिन करके अपनी राय और सुझाव दर्ज कर सकते हैं, जिससे आयोग कर्मचारियों और पेंशनभोगियों की अपेक्षाओं को बेहतर तरीके से समझ सकेगा।
पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन कैसे करें
8वें वेतन आयोग पर सुझाव देने की प्रक्रिया बेहद सरल है। इसके लिए आधिकारिक पोर्टल 8cpc.gov.in या MyGov वेबसाइट पर जाएं और होमपेज पर दिखाई दे रहे “Login to Participate” या “Submit Questionnaires” विकल्प पर क्लिक करें। इसके बाद अपना मोबाइल नंबर या ईमेल आईडी दर्ज करें। नंबर या ईमेल पर आए OTP को डालकर लॉगिन पूरा करें। लॉगिन के बाद आपकी प्रोफाइल बन जाएगी और आप आयोग की प्रश्नावली तक पहुंच सकते हैं।
18 सवालों के जरिए सुझाव मांगे जा रहे हैं
लॉगिन करने के बाद कर्मचारियों को 18 सवालों की एक सूची दी जाएगी। इन सवालों का उद्देश्य यह समझना है कि वर्तमान वेतन और भत्तों की व्यवस्था में किन सुधारों की जरूरत है। प्रश्नावली में शामिल हैं:
वेतन वृद्धि और सैलरी स्ट्रक्चर से जुड़े सुझाव
महंगाई भत्ता और अन्य भत्तों में बदलाव की मांग पेंशन व्यवस्था में सुधार
सेवा शर्तों और सुविधाओं से जुड़े सुझाव
कर्मचारी और पेंशनर व्यक्तिगत अनुभव के आधार पर इन सवालों का जवाब दे सकते हैं। इसके अलावा, कर्मचारी संगठन भी अपने सामूहिक सुझाव पोर्टल के माध्यम से भेज सकते हैं।
सुझाव देने की समय सीमा
सरकार ने सुझाव देने के लिए निश्चित समय सीमा तय की है। सुझाव देने की प्रक्रिया 5 मार्च 2026 से शुरू हो चुकी है और अंतिम तारीख 30 अप्रैल 2026 है। आयोग केवल ऑनलाइन भेजे गए सुझाव स्वीकार करेगा। कागज, ईमेल या PDF के माध्यम से भेजे गए सुझाव मान्य नहीं होंगे। केंद्र सरकार के कर्मचारी, पेंशनर, रक्षा कर्मी और कर्मचारी संगठन इसमें भाग ले सकते हैं।
सुझाव देने का महत्व
आयोग सभी सुझावों का विस्तार से विश्लेषण करेगा और कर्मचारियों तथा पेंशनभोगियों की जरूरतों और देश की आर्थिक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए वेतन, भत्तों और पेंशन में बदलाव की सिफारिशें तैयार करेगा। सुझाव देने वाले कर्मचारियों की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी। इस ऑनलाइन पोर्टल के जरिए कर्मचारी और पेंशनर अब घर बैठे आसानी से अपने सुझाव भेज सकते हैं और आयोग के निर्णय में अपनी राय शामिल कर सकते हैं।