Edited By Pardeep,Updated: 14 Jul, 2026 10:56 PM

नागपुर साइबर पुलिस ने चार सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसरों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। इन पर केंद्र सरकार की इथेनॉल पहल से जुड़े गुमराह करने वाले कंटेंट डालने और इस नीति को केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से जोड़कर झूठे दावे करने का आरोप...
नागपुर: नागपुर साइबर पुलिस ने चार सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसरों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। इन पर केंद्र सरकार की इथेनॉल पहल से जुड़े गुमराह करने वाले कंटेंट डालने और इस नीति को केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से जोड़कर झूठे दावे करने का आरोप है। यह जानकारी मंगलवार को अधिकारियों ने दी।
आरोपियों की पहचान मनीष कश्यप, देसी बॉयसर, हर्षित राठी और अंकलेश इनवाटे के रूप में हुई है। नागपुर भाजपा सोशल मीडिया सेल के प्रमुख शिशिर अरुण त्रिपाठी की शिकायत पर सोमवार को एफआईआर दर्ज की गई है। अपनी शिकायत में त्रिपाठी ने आरोप लगाया कि 20 प्रतिशत इथेनॉल-मिश्रित पेट्रोल (ई20) को लेकर चल रही चर्चाओं के बीच आरोपियों ने यूट्यूब और इंस्टाग्राम जैसे प्लेटफ़ॉर्म पर वीडियो अपलोड किए। शिकायत में कहा गया कि वीडियो में गाड़यिों में इथेनॉल के इस्तेमाल के बारे में गुमराह करने वाली जानकारी दी गई, गैर-कानूनी कामों को बढ़ावा दिया गया था और इथेनॉल से जुड़े कामों में धोखाधड़ी वाले लेन-देन करने के तरीके बताए गए।
इसमें आगे यह भी आरोप लगाया गया कि इन कंटेंट में केंद्र की इथेनॉल नीति को गलत तरीके से पेश किया, इस पहल का श्रेय गलत तरीके से केंद्रीय मंत्री गडकरी को दिया और उनकी छवि खराब करने तथा लोगों को गुमराह करने के लिए लोगों के साथ हुई भ्रामक बातचीत को शामिल किया गया। शुरुआती जांच के बाद, साइबर पुलिस ने कहा कि उन्हें सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर गुमराह करने वाली एवं आपत्तिजनक सामग्री का प्रसार करने वाले प्रथम द्दष्टया सबूत मिले हैं। अधिकारियों ने बताया कि चार इन्फ्लुएंसरों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है और मामले की आगे जांच चल रही है।