Edited By Pardeep,Updated: 14 Jun, 2026 11:08 PM

आधुनिक तकनीक का दुरुपयोग कर मासूम बच्चियों की अस्मत से खिलवाड़ करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश हुआ है।
नेशनल डेस्कः आधुनिक तकनीक का दुरुपयोग कर मासूम बच्चियों की अस्मत से खिलवाड़ करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश हुआ है। बेगूसराय की साइबर थाना पुलिस ने पटना के खांजेकला मोहल्ले में छापेमारी कर एक ऐसे शातिर अपराधी को दबोचा है, जो AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) तकनीक के जरिए नाबालिग लड़कियों की तस्वीरों को अश्लील बनाकर उन्हें ब्लैकमेल करता था। गिरफ्तार आरोपी की पहचान 28 वर्षीय कुमार सांकृत के रूप में हुई है।
मोबाइल में मिले 200 लड़कियों के आपत्तिजनक फोटो
पुलिस की जांच में जो खुलासे हुए हैं, वे बेहद चौंकाने वाले हैं। आरोपी के पास से बरामद मोबाइल की गैलरी में करीब 200 लड़कियों के अश्लील फोटो और वीडियो पाए गए हैं। इतना ही नहीं, पुलिस को ऐसे कई व्हाट्सएप ग्रुपों की भी जानकारी मिली है जहां इस तरह के आपत्तिजनक कंटेंट साझा किए जाते थे।
सोशल मीडिया से उठाता था तस्वीरें, फिर शुरू होता था उगाही का खेल
जानकारी के अनुसार, आरोपी फेसबुक और इंस्टाग्राम जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से लड़कियों की तस्वीरें चुराता था। इसके बाद AI तकनीक से उन्हें अश्लील रूप में बदल देता था। तस्वीरों को वायरल करने की धमकी देकर वह व्हाट्सएप और मैसेंजर के जरिए परिजनों से मोटी रकम वसूलता था। पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने एक पीड़िता से अब तक 20 हजार रुपये की उगाही की थी, जिसे वह अपने ही बैंक खाते में मंगवाता था।
मां की शिकायत पर पुलिस ने बिछाया जाल
इस मामले का खुलासा तब हुआ जब 13 जून 2026 को एक पीड़िता की मां ने साइबर थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों, व्हाट्सएप चैट और बैंक खातों का विश्लेषण कर आरोपी का लोकेशन ट्रैक किया और उसे पटना से धर दबोचा।
पॉक्सो एक्ट के तहत गंभीर धाराओं में केस दर्ज
साइबर थाना पुलिस ने कांड संख्या 40/26 दर्ज कर आरोपी के खिलाफ निम्नलिखित धाराओं में कार्रवाई शुरू कर दी है:
- भारतीय न्याय संहिता (BNS)
- सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम (IT Act)
- पॉक्सो एक्ट (POCSO Act)