Edited By Anu Malhotra,Updated: 30 Oct, 2026 07:14 AM

कर्नाटक सरकार ने राज्य के लाखों दूध उत्पादक किसानों को राहत देते हुए दूध की कीमतों में बढ़ोतरी का बड़ा फैसला लिया है। गुरुवार को हुई कैबिनेट बैठक में निर्णय लिया गया कि 1 नवंबर से दूध के दाम में 8 रुपये प्रति लीटर का इजाफा किया जाएगा।
बेंगलुरू: कर्नाटक सरकार ने राज्य के लाखों दूध उत्पादक किसानों को राहत देते हुए दूध की कीमतों में बढ़ोतरी का बड़ा फैसला लिया है। गुरुवार को हुई कैबिनेट बैठक में निर्णय लिया गया कि 1 नवंबर से दूध के दाम में 8 रुपये प्रति लीटर का इजाफा किया जाएगा।
मंत्रिमंडल की बैठक के बाद प्रेस वार्ता में मंत्री कृष्णा बायरे गौड़ा ने इस फैसले की जानकारी दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस 8 रुपये की बढ़ोतरी में से 7 रुपये सीधे दूध उत्पादक किसानों के खाते में जाएँगे, जबकि शेष 1 रुपया दुग्ध सहकारी समितियों (मिल्क कोऑपरेटिव्स) को दिया जाएगा।
क्यों बढ़ाए गए दूध के दाम?
कृष्णा बायरे गौड़ा ने बताया कि दूध उत्पादक किसान पिछले काफी समय से आर्थिक तंगी से जूझ रहे थे और लगातार कीमतें बढ़ाने की मांग कर रहे थे। अपनी मांगों को लेकर किसानों ने सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन भी किया था।
इसके साथ ही विधान परिषद में सभी राजनीतिक दलों के नेताओं ने दलगत राजनीति से ऊपर उठकर किसानों के हित में कदम उठाने की अपील की थी। विरोध प्रदर्शन के दौरान किसान प्रतिनिधियों और सहकारी समितियों के अधिकारियों ने मुख्यमंत्री, पशुपालन मंत्री और सहकारिता मंत्री से मुलाकात कर कम से कम 10 रुपये प्रति लीटर की वृद्धि की मांग की थी।
कैबिनेट में दो-तीन बार हुए गहन विचार-विमर्श के बाद सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया। हालांकि किसानों ने 10 रुपये की बढ़ोतरी मांगी थी, लेकिन आम जनता पर अधिक बोझ न पड़े, इसे ध्यान में रखते हुए 8 रुपये प्रति लीटर की वृद्धि पर सहमति बनी।
अब किसानों को प्रति लीटर कितना पैसा मिलेगा?
गौड़ा के अनुसार, कर्नाटक में दूध उत्पादक किसानों को अभी लगभग 35 रुपये प्रति लीटर मिलते हैं। इसके अलावा, उन्हें राज्य सरकार की ओर से 5 रुपये प्रति लीटर का प्रोत्साहन (इंसेंटिव) भी मिलता है। संशोधित दरों के साथ, किसानों को मिलने वाली कीमत 35 रुपये प्रति लीटर से बढ़कर 42 रुपये प्रति लीटर हो जाएगी। 5 रुपये प्रति लीटर का मौजूदा सरकारी प्रोत्साहन (incentive) जारी रहेगा। इसका मतलब है कि संशोधन के बाद, सरकारी प्रोत्साहन को मिलाकर दूध उत्पादकों को कुल 47 रुपये प्रति लीटर मिलेंगे। मंत्री ने कहा कि इस फैसले से पूरे कर्नाटक के लाखों किसान परिवारों को फायदा होगा।
दूध की नई कीमतें कब से लागू होंगी?
8 रुपये प्रति लीटर की यह बढ़ोतरी 1 नवंबर से लागू होगी। इस बढ़ोतरी में से 7 रुपये किसानों को दिए जाएंगे और 1 रुपया सहकारी समितियों (cooperatives) को जाएगा।
सरकार ने इस कदम को दूध उत्पादकों और सहकारी समितियों की मांगों के जवाब के रूप में बताया है। किसानों ने 10 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी की मांग की थी, लेकिन विचार-विमर्श के बाद कैबिनेट ने 8 रुपये की बढ़ोतरी पर सहमति जताई।