Edited By Mansa Devi,Updated: 23 Mar, 2026 03:42 PM

केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने केरल द्वारा राष्ट्रीय आपदा न्यूनीकरण कोष के तहत 311.95 करोड़ रुपये हासिल करने के लिए आवेदन नहीं किए जाने का उल्लेख करते हुए सोमवार को लोकसभा में कहा कि केंद्रीय अनुदानों के लिए मंजूरी मिलना एक बात है और...
नेशनल डेस्क: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने केरल द्वारा राष्ट्रीय आपदा न्यूनीकरण कोष के तहत 311.95 करोड़ रुपये हासिल करने के लिए आवेदन नहीं किए जाने का उल्लेख करते हुए सोमवार को लोकसभा में कहा कि केंद्रीय अनुदानों के लिए मंजूरी मिलना एक बात है और राज्यों द्वारा उस राशि को प्राप्त करने के लिए आवेदन करना दूसरी बात है।
केंद्र सरकार की ओर से केरल का अनुदान लंबित रहने संबंधी कांग्रेस सदस्य मणिकम टैगोर के पूरक प्रश्न का उत्तर देते हुए सीतारमण ने यह बात कही। उन्होंने कहा कि किसी भी राज्य को उपयोगिता प्रमाणपत्र देना होता है ताकि आगे की राशि उसे जारी की जा सके। सीतारमण ने कहा कि उदाहरण के लिए केरल से संबंधित एक विषय था जिसमें आवंटन किए जाने के बावजूद केरल सरकार ने राशि प्राप्त नहीं की।
उन्होंने कहा कि केरल को राष्ट्रीय आपदा न्यूनीकरण कोष के तहत 311.95 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई थी, जिसमें वायनाड के भूस्खलन प्रभावित इलाकों में जोखिम प्रबंधन की परियोजना के लिए 72 करोड़ रुपये शामिल हैं। सीतारमण ने कहा, ''जिन 311.95 करोड़ रुपये के लिए स्वीकृति दी गई, उसमें एक भी पैसा जारी नहीं किया गया है। मैं इस राशि को तभी जारी करूंगी जब राज्य इसके लिए आवेदन करेगा, मांगेगा।
इसलिए मंजूरी देना एक बात है, उसके लिए आवेदन करना और मांगना दूसरी बात है।'' केरल में वायनाड आपदा प्रबंधन के लिए वित्तीय सहायता के संबंध में केंद्र और राज्य सरकार के बीच कुछ गतिरोध की स्थिति है। केरल में अगले महीने विधानसभा चुनाव होने हैं।