Edited By Parveen Kumar,Updated: 29 Jul, 2026 06:19 PM

भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता आरपी सिंह ने अपने सोशल मीडिया के अकाउंट 'X' पर एक पोस्ट शेयर किया है, जिसमें उन्होंने कहा कि पंजाब का "शिक्षा मॉडल" पूरी तरह से बेनकाब हो गया है। आरपी सिंह ने कहा संसद में पेश आंकड़ों के मुताबिक पंजाब के सरकारी स्कूलों...
नेशनल डेस्क : भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता आरपी सिंह ने अपने सोशल मीडिया के अकाउंट 'X' पर एक पोस्ट शेयर किया है, जिसमें उन्होंने कहा कि पंजाब का "शिक्षा मॉडल" पूरी तरह से बेनकाब हो गया है। आरपी सिंह ने कहा संसद में पेश आंकड़ों के मुताबिक पंजाब के सरकारी स्कूलों में शिक्षकों के 18,015 पद खाली पड़े हैं, यानी हर 6 मंजूर पदों में से लगभग 1 पद खाली है।
उन्होंने आगे कहा कि लुधियाना, अमृतसर, गुरदासपुर, तरनतारन और जालंधर जैसे जिलों में हजारों क्लासरूम बिना पर्याप्त शिक्षकों के चल रहे हैं। जब स्कूलों में पर्याप्त शिक्षक ही नहीं होंगे, तो बच्चे अच्छी शिक्षा कैसे पा सकते हैं? शिक्षा व्यवस्था विज्ञापनों, मीडिया कैंपेन और खोखले दावों के दम पर नहीं बनाई जा सकती।
आरपी सिंह ने कहा भगवंत मान ने शिक्षा में क्रांति लाने का वादा किया था, लेकिन हकीकत यह है कि क्लासरूम खाली हैं, शिक्षकों पर काम का बोझ बहुत ज़्यादा है और छात्रों की अनदेखी हो रही है। पंजाब के बच्चे हर क्लासरूम में योग्य शिक्षक पाने के हकदार हैं, न कि अंतहीन प्रचार और राजनीतिक नारों के। शासन की परख नतीजों से होती है, हेडलाइंस से नहीं और पंजाब के छात्र बेहतर शित्रा पाने के हकदार है।