राजनाथ सिंह 'व्हाइट-कॉलर टेररिज्म' पर चेतावनी देते हुए बोले- शिक्षित ही करने लगें राष्ट्र के विरुद्ध कार्य

Edited By Updated: 02 Jan, 2026 08:12 PM

rajnath singh warns against  white collar terrorism  by educated youth

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने शुक्रवार को कहा कि देश में 'व्हाइट-कॉलर टेरेरिज्म' जैसी चिंताजनक प्रवृतियां सामने आ रही हैं जहां अत्यंत शिक्षित लोग समाज और राष्ट्र के विरुद्ध कार्य करते हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में बहुत शिक्षित लोग भी आपराधिक...

नेशनल डेस्क: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने शुक्रवार को कहा कि देश में 'व्हाइट-कॉलर टेरेरिज्म' जैसी चिंताजनक प्रवृतियां सामने आ रही हैं जहां अत्यंत शिक्षित लोग समाज और राष्ट्र के विरुद्ध कार्य करते हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में बहुत शिक्षित लोग भी आपराधिक गतिविधियों में लिप्त पाए जाते हैं। सिंह ने दिल्ली में पिछले दिनों हुई घटना का जिक्र करते हुए यह बात कही जहां 'बम विस्फोट' करने वाला डॉक्टर था। वह यहां एक विश्वविद्यालय के स्थापना दिवस को संबोधित कर रहे थे।

PunjabKesari

सिंह ने कहा, ‘‘धर्म और नैतिकता से विहीन शिक्षा समाज के लिए उपयोगी नहीं होती है तथा कभी-कभी यह घातक भी सिद्ध हो जाती है। शायद यही कारण है और बहुत बड़ी विडंबना है कि बहुत शिक्षित लोग भी आपराधिक गतिविधियों में लिप्त पाए जाते हैं।'' उन्होंने कहा,‘‘आज 'व्हाइट कॉलर टेरररिज़म' जैसी चिंताजनक प्रवृतियां देशवाशियों के सामने आ रही हैं, जहां अत्यंत शिक्षित लोग समाज और राष्ट्र के विरुद्ध कार्य करते हैं।'' उन्होंने कहा,‘‘हाल में दिल्ली में 'बम विस्फोट' करने वाला कौन था? डॉक्टर था। वरना जो डॉक्टर पर्चे पर हमेशा 'आरएक्स' लिखकर प्रस्रिक्प्शन लिखते हैं ... उन डॉक्टरों के हाथ में 'आरडीएक्स' हो? इसलिए आवश्यक है कि ज्ञान के साथ साथ संस्कार भी होना चाहिए। चरित्र भी होना चाहिए।''

PunjabKesari

केंद्रीय मंत्री का कहना था कि शिक्षा का उद्देश्य चरित्र निर्माण है। चरित्र को 'व्यापक परिप्रेक्ष्य' में देखा जाना चाहिए। शिक्षा का उद्देश्य केवल पेशेवर सफलता' नहीं है बल्कि सदाचार, नैतिकता और एक मानवीय व्यक्तित्व का निर्माण भी है। यही भारतीय शिक्षा दर्शन की मूल आत्मा है। इससे समाज में समरसता व शांति बढ़ती है। उन्होंने कहा, ‘‘हमारा प्रयास है कि हम भारतीय शिक्षा के मूल स्वरूप को बनाए रखते हुए उसे नए युग के साथ तालमेल बनाए रखने के लायक भी बनाएं।'' उन्होंने कहा,‘‘प्रौद्योगिकी में बदलाव आ रहा है। उससे कृत्रिम मेधा, मशीन लर्निंग तथा अन्य तकनीकी हमारे जीवन और काम करने के तरीके को पूरी तरह से बदल रही है। हमें इनका सकारात्मक इस्तेमाल करते हुए भारत के विकास को नई गति देनी होगी।''

PunjabKesari

उन्होंने कहा कि भारत आज 'नॉलेज इकोनॉमी' के रूप में उभर रहा है तथा 2014 में ‘ग्लोबल इनोवेशन इंडेक्स' में भारत की रैंकिंग 76 थी जो 2024 में 39 हो गयी है, यह दूरदर्शी सुधारों के कारण हुआ है। सिंह ने कहा कि आज भारत दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है,‘हम 2030 तक तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की तरफ आत्मविश्वास से बढ़ रहे है।' उन्होंने कहा,‘‘मैं विश्वास से कह सकता हूं कि आने वाले 15-20 साल में हमारा भारत हथियारों के मामले में पूरी तरह से आत्मनिर्भर बन जायेगा।''

Related Story

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!