इस देश में बढ़ रही 'अधिक बच्चे पैदा करो' की मांग, यह मेट्रो सिटी बना ‘बेबी केपिटल’

Edited By Updated: 28 May, 2025 11:01 AM

the demand to have more children is increasing in south india

भारत चीन को पीछे छोड़कर दुनिया में आबादी के मामले में नंबर एक पर पहुंच रहा है। देश में जनसंख्या तेज़ी से बढ़ रही है लेकिन इसके साथ ही एक और दिलचस्प पहलू सामने आया है। कुछ राज्य और मेट्रो शहर ऐसे भी हैं जहाँ प्रजनन दर में तेजी से गिरावट आ रही है। ऐसे...

नेशनल डेस्क। भारत चीन को पीछे छोड़कर दुनिया में आबादी के मामले में नंबर एक पर पहुंच रहा है। देश में जनसंख्या तेज़ी से बढ़ रही है लेकिन इसके साथ ही एक और दिलचस्प पहलू सामने आया है। कुछ राज्य और मेट्रो शहर ऐसे भी हैं जहाँ प्रजनन दर में तेजी से गिरावट आ रही है। ऐसे में यह जानना ज़रूरी हो जाता है कि आखिर भारत के किस मेट्रो शहर में सबसे ज्यादा बच्चे पैदा हो रहे हैं। मेट्रो शहरों की बात करें तो यहाँ देशभर से लोग रोजगार और शिक्षा के लिए आते हैं जिससे यहाँ की जनसंख्या और सामाजिक ढांचा बेहद महत्वपूर्ण हो जाता है।

किस मेट्रो शहर में सबसे ज्यादा पैदा हो रहे बच्चे?

नेशनल फैमिली हेल्थ सर्वे (NFHS-5) 2019–21 के अनुसार भारत के मेट्रो शहरों में सबसे अधिक कुल प्रजनन दर चेन्नई में दर्ज की गई थी जो 1.65 प्रति महिला बच्चेदर थी। इसका मतलब यह है कि चेन्नई में एक महिला औसतन 1.65 बच्चों को जन्म देती है।

इसके बाद दूसरे नंबर पर दिल्ली में प्रजनन दर सबसे ज्यादा थी यहाँ 1.57 बच्चे प्रति महिला की औसतन प्रजनन दर थी। अन्य मेट्रो शहरों की स्थिति इस प्रकार है:

 

यह भी पढ़ें: दुनिया के किस देश में होते हैं सबसे ज्यादा सड़क हादसे, जानिए लिस्ट में कौन है टॉप पर

 

➤ हैदराबाद: 1.54 बच्चे प्रति महिला दर
➤ कोलकाता: 1.40 बच्चे प्रति महिला दर
➤ मुंबई: औसतन प्रजनन दर 1.44 बच्चे प्रति महिला थी।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार साल 2022-23 में अहमदाबाद जैसे मेट्रो शहर में एक लाख से ज्यादा बच्चों को जन्म हुआ था। यह आंकड़ा अहमदाबाद ने साल 2019 के कोरोना महामारी के बाद पहली बार छुआ था।

 

यह भी पढ़ें: Delta Airlines की फ्लाइट में छिपे दो जंगली कबूतर, यात्री हैरान! उड़ान में हुई 1 घंटे की देरी, देखें VIDEO

 

साउथ इंडिया में बढ़ रही 'ज्यादा बच्चे पैदा करने की मांग'

दिलचस्प बात यह है कि साउथ इंडिया के राज्यों में ज्यादा बच्चे पैदा करने की मांग की जा रही है। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री कह चुके हैं कि अब समय आ गया है कि "16-16 बच्चे पैदा करो।" आंध्र प्रदेश का भी यही हाल है यहाँ भी ज्यादा बच्चे पैदा करने की मांग की जा रही है।

वर्तमान में देश में औसतन प्रजनन दर 2.0 के आसपास है। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर यह आंकड़ा इससे नीचे आता है तो यह एक खतरे का निशान हो सकता है क्योंकि इससे भविष्य में युवा आबादी की कमी और वृद्ध आबादी का अनुपात बढ़ने जैसी जनसांख्यिकीय चुनौतियाँ पैदा हो सकती हैं। यह देखना दिलचस्प होगा कि घटती प्रजनन दर और बढ़ती आबादी के बीच भारत अपनी जनसांख्यिकीय चुनौतियों से कैसे निपटता है।

Related Story

Trending Topics

IPL
Royal Challengers Bengaluru

190/9

20.0

Punjab Kings

184/7

20.0

Royal Challengers Bengaluru win by 6 runs

RR 9.50
img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!