Edited By Radhika,Updated: 10 Feb, 2026 06:06 PM

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने मंगलवार को लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को पद से हटाने के लिए प्रस्ताव लाने संबंधी नोटिस लोकसभा महासचिव को सौंपे जाने को लेकर विपक्ष की कड़ी आलोचना की। पार्टी ने कहा कि अब समय आ गया है कि भारत लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल...
नेशनल डेस्क: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने मंगलवार को लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को पद से हटाने के लिए प्रस्ताव लाने संबंधी नोटिस लोकसभा महासचिव को सौंपे जाने को लेकर विपक्ष की कड़ी आलोचना की। पार्टी ने कहा कि अब समय आ गया है कि भारत लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी और कांग्रेस को राजनीति से "बाहर कर दे।" भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता संबित पात्रा ने यहां पार्टी मुख्यालय में बिरला के खिलाफ विपक्ष के नोटिस के बारे में पूछे जाने पर संवाददाताओं से कहा, "जिन लोगों की चेतना नष्ट हो चुकी है, वे भारत के सभी संवैधानिक पदों को समाप्त करना चाहते हैं।"
भाजपा ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के लगातार तीसरी बार सत्ता में आने के बाद से कांग्रेस और उसके सहयोगी अमेरिकी अरबपति जॉर्ज सोरोस के इशारे पर संवैधानिक संस्थाओं एवं पदों पर हमला कर रहे हैं। लोकसभा में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान राहुल और अन्य विपक्षी नेताओं को "बोलने की इजाजत न देने" तथा सदन की अवमानना के मामले में आठ विपक्षी सांसदों को निलंबित किए जाने के मुद्दे को लेकर विपक्ष ने बिरला को पद से हटाने के लिए प्रस्ताव लाने संबंधी नोटिस मंगलवार को लोकसभा महासचिव को सौंपा।

कांग्रेस के मुख्य सचेतक के सुरेश की ओर से लोकसभा महासचिव को सौंपे गए प्रस्ताव पर कांग्रेस, समाजवादी पार्टी (सपा), द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) और कई अन्य विपक्षी दलों के 100 से अधिक सांसदों ने हस्ताक्षर किए हैं। हालांकि, तृणमूल कांग्रेस के सांसदों ने इस नोटिस पर हस्ताक्षर नहीं किए हैं। विपक्ष के इस कदम पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए पात्रा ने कहा, "पूरा देश सदन में राहुल गांधी और कांग्रेस पार्टी के व्यवहार को देख रहा है।" उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल के इशारे पर प्रधानमंत्री की कुर्सी का घेराव करने का प्रयास किया गया था, ताकि उन्हें नुकसान पहुंचाया जा सके। पात्रा ने कहा, "यह किस तरह की सोच है? मुझे लगता है कि अब पूरे देश को इस पर विचार करना होगा। समय आ गया है कि भारत राहुल गांधी और कांग्रेस पार्टी को राजनीति से बाहर कर दे।"