Edited By jyoti choudhary,Updated: 23 Sep, 2026 05:52 PM

अगर आप हीरा खरीदने का मन बना रहे हैं तो आपके लिए अहम खबर है। पिछले कुछ समय से हीरे की कीमतों पर दबाव बना हुआ है। खासकर लैब-ग्रोन डायमंड की कीमतों में लगातार गिरावट आई है। वहीं, नैचुरल डायमंड की थोक कीमतें भी 2021 के मुकाबले
नई दिल्लीः अगर आप हीरा खरीदने का मन बना रहे हैं तो आपके लिए अहम खबर है। पिछले कुछ समय से हीरे की कीमतों पर दबाव बना हुआ है। खासकर लैब-ग्रोन डायमंड की कीमतों में लगातार गिरावट आई है। वहीं, नैचुरल डायमंड की थोक कीमतें भी 2021 के मुकाबले करीब 30 से 40 फीसदी नीचे आ चुकी हैं। कमजोर मांग और लैब-ग्रोन डायमंड की बढ़ती आपूर्ति ने डायमंड इंडस्ट्री के सामने नई चुनौती खड़ी कर दी है।
नैचुरल डायमंड के दाम में बड़ी गिरावट
नैचुरल डायमंड यानी जमीन से खनन के जरिए निकाला गया हीरा लंबे समय से प्रीमियम ज्वेलरी का अहम हिस्सा रहा है। हालांकि, मौजूदा समय में इसकी कीमतों पर दबाव बना हुआ है। थोक बाजार में नैचुरल डायमंड की कीमतें 2021 के मुकाबले करीब 30-40 फीसदी कम हो चुकी हैं। एक सामान्य 1 कैरेट राउंड नैचुरल डायमंड की खुदरा कीमत फिलहाल करीब 3,530 से 3,860 डॉलर के बीच बताई जा रही है।
क्यों सस्ता हो रहा है डायमंड?
हीरे की कीमतों में गिरावट के पीछे कई कारण हैं। वैश्विक मांग कमजोर हुई है, जबकि बाजार में उपलब्धता अपेक्षाकृत अधिक है। इसके अलावा, लैब-ग्रोन डायमंड की कीमतों में आई भारी गिरावट ने भी नैचुरल डायमंड पर दबाव बढ़ाया है। ग्राहकों के पास अब कम कीमत में लैब-ग्रोन डायमंड खरीदने का विकल्प मौजूद है। इससे खासकर मिड-रेंज नैचुरल डायमंड की मांग प्रभावित हो रही है।
लैब-ग्रोन डायमंड 70-85 फीसदी तक सस्ता
लैब-ग्रोन डायमंड प्रयोगशाला में तैयार किए जाते हैं और उनकी रासायनिक संरचना नैचुरल डायमंड जैसी ही होती है। हालांकि, कीमत में बड़ा अंतर है। आमतौर पर लैब-ग्रोन डायमंड नैचुरल डायमंड की तुलना में 70 से 85 फीसदी तक सस्ते मिल सकते हैं। इसी वजह से सीमित बजट में डायमंड खरीदने वाले ग्राहकों के बीच इनकी मांग बढ़ी है।
ट्रेडिंग व्यू की रिपोर्ट के मुताबिक, 2022 के बाद से लैब-ग्रोन डायमंड की थोक कीमतों में 75 फीसदी से ज्यादा की गिरावट आई है। मार्च 2025 के बाद भी इनकी कीमतों में करीब 29.9 फीसदी की कमी दर्ज की गई है।
चीन बढ़ा रहा लैब डायमंड की सप्लाई
लैब-ग्रोन डायमंड के वैश्विक उत्पादन में चीन की बड़ी हिस्सेदारी है। दुनिया के 60 फीसदी से ज्यादा लैब-ग्रोन डायमंड का उत्पादन चीन में होने का अनुमान है।
2026 की पहली छमाही में चीन से लैब-ग्रोन डायमंड का निर्यात सालाना आधार पर 65.3 फीसदी बढ़ा। इससे वैश्विक बाजार में सस्ते लैब डायमंड की उपलब्धता और बढ़ी है।
इस बढ़ती सप्लाई का असर खासतौर पर मिड-रेंज नैचुरल डायमंड पर पड़ रहा है, क्योंकि इस सेगमेंट के ग्राहक अब लैब-ग्रोन डायमंड को भी एक विकल्प के रूप में देख रहे हैं।
हर नैचुरल डायमंड की कीमत नहीं घटी
हालांकि, यह कहना सही नहीं होगा कि हर तरह के नैचुरल डायमंड की कीमतों में एक जैसी गिरावट आई है। बड़े आकार, बेहतर रंग और उच्च गुणवत्ता वाले दुर्लभ हीरों की कीमतें अब भी अपेक्षाकृत मजबूत बनी हुई हैं।