Banking News: बैंक अकाउंट फ्रीज को लेकर कोर्ट ने सुनाया अहम फैसला, ग्राहकों को बड़ी राहत

Edited By Updated: 16 Jun, 2026 03:03 PM

major ruling by karnataka high court banks cannot freeze entire accounts

साइबर फ्रॉड और ऑनलाइन धोखाधड़ी के बढ़ते मामलों के बीच कर्नाटक हाईकोर्ट ने बैंक खातों को फ्रीज करने को लेकर अहम फैसला सुनाया है। अदालत ने स्पष्ट किया है कि यदि पुलिस या जांच एजेंसी किसी खाते में केवल एक तय रकम को फ्रीज करने का आदेश देती है, तो बैंक...

बिजनेस डेस्कः साइबर फ्रॉड और ऑनलाइन धोखाधड़ी के बढ़ते मामलों के बीच कर्नाटक हाईकोर्ट ने बैंक खातों को फ्रीज करने को लेकर अहम फैसला सुनाया है। अदालत ने स्पष्ट किया है कि यदि पुलिस या जांच एजेंसी किसी खाते में केवल एक तय रकम को फ्रीज करने का आदेश देती है, तो बैंक पूरा खाता ब्लॉक नहीं कर सकता।

हाईकोर्ट ने कहा कि बैंक सिर्फ उतनी ही राशि पर रोक लगा सकता है, जितनी आदेश में बताई गई हो।बाकी रकम का उपयोग खाताधारक सामान्य रूप से कर सकता है।

क्या था पूरा मामला?

यह मामला बेंगलुरु निवासी मधु की याचिका से जुड़ा था। उनके बैंक खाते को दो अलग-अलग पुलिस इकाइयों के निर्देश पर फ्रीज किया गया था। एक आदेश गुजरात के मेहसाना साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन से आया था, जिसमें 15,000 रुपए रोकने को कहा गया था। वहीं,पश्चिम बंगाल के बैरकपुर पुलिस स्टेशन ने 10,000 रुपए फ्रीज करने का निर्देश दिया था। यानि कुल 25,000 रुपए की राशि पर रोक लगाने का आदेश था लेकिन बैंक ने पूरा खाता ही फ्रीज कर दिया। बैंक का कहना था कि भविष्य में और निर्देश भी आ सकते हैं। इसके बाद खाताधारक ने बैंक के इस फैसले को हाईकोर्ट में चुनौती दी।

हाईकोर्ट ने क्या कहा?

सुनवाई के दौरान अदालत ने बैंक की दलील खारिज कर दी। कोर्ट ने कहा कि केवल भविष्य में संभावित आदेशों की आशंका के आधार पर पूरा खाता फ्रीज नहीं किया जा सकता। अदालत ने निर्देश दिया कि बैंक सिर्फ 25,000 रुपए तक की राशि पर रोक लगाए और बाकी रकम पर लगी पाबंदी हटाए।

कोर्ट ने यह भी कहा कि बैंकों को केवल वैध और स्पष्ट निर्देशों का पालन करना चाहिए। अतिरिक्त कार्रवाई करना ग्राहकों के अधिकारों का उल्लंघन माना जाएगा।

ग्राहकों को क्या फायदा मिलेगा?

कर्नाटक हाईकोर्ट के इस फैसले से बैंक ग्राहकों को बड़ी राहत मिल सकती है यानी अब किसी खाते में छोटी रकम को लेकर जांच चल रही हो तो बैंक पूरा खाता फ्रीज नहीं कर सकेगा। इससे खाताधारक अपनी बाकी जमा राशि का इस्तेमाल रोजमर्रा के खर्च, ईएमआई, बिल भुगतान, अपने व्यापार से जुड़ा लेनदेन और अन्य जरूरी वित्तीय जरूरतों के लिए कर सकेंगे।

यह फैसला खाताधारकों के अधिकारों को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
 

Related Story

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!