Edited By jyoti choudhary,Updated: 16 Mar, 2026 05:49 PM

पिछले कुछ समय से सोने और चांदी की कीमतों में तेज उतार-चढ़ाव ने ज्वैलरी कारोबारियों की चिंता बढ़ा दी है। खासतौर पर चांदी के दामों में आई भारी तेजी और फिर गिरावट से बाजार में अनिश्चितता का माहौल बन गया है। जनवरी 2026 में चांदी की कीमत लगभग 2.90 लाख...
बिजनेस डेस्कः पिछले कुछ समय से सोने और चांदी की कीमतों में तेज उतार-चढ़ाव ने ज्वैलरी कारोबारियों की चिंता बढ़ा दी है। खासतौर पर चांदी के दामों में आई भारी तेजी और फिर गिरावट से बाजार में अनिश्चितता का माहौल बन गया है। जनवरी 2026 में चांदी की कीमत लगभग 2.90 लाख रुपए प्रति किलो के ऑल टाइम हाई के करीब पहुंचने के बाद अचानक नीचे आ गई, जिससे कारोबारियों को बड़ा झटका लगा। कीमतें बढ़ते ही ग्राहक खरीदारी से दूरी बनाने लगते हैं, जिसका असर शादी के सीजन में भी बिक्री पर पड़ता है।
चांदी 4 लाख रुपए प्रति किलो तक जा सकती है
ऑल इंडिया जेम्स एंड ज्वैलरी डोमेस्टिक काउंसिल के चेयरमैन राजेश रोकड़े का कहना है कि अगर मिडिल ईस्ट में ईरान, अमेरिका और इजराइल के बीच चल रहा तनाव लंबा खिंचता है तो सोने-चांदी की कीमतों में और तेजी आ सकती है। उनके मुताबिक आने वाले समय में चांदी की कीमत 4 लाख रुपए प्रति किलो से ऊपर जा सकती है। उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाजार पर निर्भर होने के कारण सरकार कीमतों पर सीधे नियंत्रण नहीं कर सकती लेकिन अगर कस्टम ड्यूटी में 2% तक कटौती की जाती है तो इससे ज्वैलरी कारोबार को राहत मिल सकती है।
कारोबारियों की समस्याओं पर हुई बैठक
राष्ट्रीय स्वर्णकार संघ की एक आपातकालीन बैठक में ज्वैलरी कारोबारियों की समस्याओं पर चर्चा की गई और इससे निपटने के लिए नई रणनीति बनाई गई। इस बैठक में बिहार के खगड़िया से सांसद राजेश वर्मा को संगठन का नया अध्यक्ष घोषित किया गया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार सहयोग कर रही है लेकिन कई राज्यों में कानून के दुरुपयोग से कारोबारियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।