Edited By jyoti choudhary,Updated: 23 Oct, 2026 12:17 PM

भारतीय शेयर बाजार में शुक्रवार को कारोबार की शुरुआत बढ़त के साथ हुई लेकिन महंगे कच्चे तेल और मुनाफावसूली के दबाव में बाजार जल्द ही ऊपरी स्तरों से फिसल गया। सेंसेक्स और निफ्टी में गिरावट देखने को मिली। दोनों प्रमुख इंडेक्स लगातार चौथे दिन कमजोरी के...
मुंबईः भारतीय शेयर बाजार में शुक्रवार को कारोबार की शुरुआत बढ़त के साथ हुई लेकिन महंगे कच्चे तेल और मुनाफावसूली के दबाव में बाजार जल्द ही ऊपरी स्तरों से फिसल गया। सेंसेक्स और निफ्टी में गिरावट देखने को मिली। दोनों प्रमुख इंडेक्स लगातार चौथे दिन कमजोरी के साथ कारोबार करते नजर आए।
कारोबार के दौरान सेंसेक्स 647.77 अंक गिरकर 72,601.62 पर पहुंच गया। वहीं, निफ्टी भी 267.40 अंक लुढ़क कर 22,420.25 पर आ गया। बाजार में इस गिरावट से निवेशकों की चिंता बढ़ी है।
आईटी शेयरों में तेजी
एनरिच मनी के CEO पोनमुडी आर के मुताबिक, वैश्विक बाजारों से कमजोर संकेत मिलने के बावजूद भारतीय शेयर बाजारों ने मामूली बढ़त के साथ शुरुआत की। शुरुआती कारोबार में आईटी सेक्टर के शेयरों में 2 फीसदी से अधिक की तेजी दर्ज की गई।
हालांकि, व्यापक बाजार में कमजोरी बनी रही और ज्यादातर सेक्टोरल इंडेक्स दबाव में कारोबार करते दिखे। इससे संकेत मिलता है कि निवेशक फिलहाल सतर्क रुख अपना रहे हैं और बाजार में खरीदारी सीमित बनी हुई है।
100 डॉलर के करीब पहुंचा कच्चा तेल
बाजार पर दबाव की एक प्रमुख वजह कच्चे तेल की ऊंची कीमतें हैं। WTI क्रूड ऑयल में धीरे-धीरे तेजी जारी रही और इसका भाव 100 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंच गया। कच्चे तेल की कीमतों में लगातार तेजी से भारत की आयात लागत बढ़ने और महंगाई का दबाव बढ़ने की आशंका रहती है, जिसका असर शेयर बाजार की धारणा पर पड़ सकता है।
94.80 के आसपास रुपया
अमेरिकी डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपया 94.80 के आसपास कारोबार करता दिखा, जो पिछले बंद स्तर के करीब था। हालांकि, कच्चे तेल की ऊंची कीमतें और डॉलर से जुड़ा दबाव रुपये की मजबूती के सामने चुनौती बने हुए हैं।
मिड और स्मॉलकैप सेक्टर्स टूटे
मिड और स्मॉलकैप शेयरों में जोरदार बिकवाली देखने को मिल रही है। NSE पर मिड और स्मॉलकैप इंडेक्स करीब 4% तक टूट गए हैं। वहीं, इंडिया VIX 7.6% उछलकर 17 के पास पहुंच गया है।