Edited By jyoti choudhary,Updated: 10 Mar, 2026 11:33 AM

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के मिडिल ईस्ट में युद्ध जल्द खत्म होने के संकेत के बाद वैश्विक बाजारों में राहत देखने को मिली। कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट आई और इसका सकारात्मक असर एशियाई बाजारों के साथ-साथ भारतीय शेयर बाजार पर भी पड़ा।
बिजनेस डेस्कः अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के मिडिल ईस्ट में युद्ध जल्द खत्म होने के संकेत के बाद वैश्विक बाजारों में राहत देखने को मिली। कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट आई और इसका सकारात्मक असर एशियाई बाजारों के साथ-साथ भारतीय शेयर बाजार पर भी पड़ा। मंगलवार को बाजार खुलते ही घरेलू स्टॉक मार्केट में जोरदार खरीदारी देखने को मिली। BSE पर लिस्टेड कंपनियों का मार्केट कैप ₹4.29 लाख करोड़ बढ़ गया है यानी निवेशकों की दौलत मार्केट खुलते ही ₹4.29 लाख करोड़ बढ़ गई है।
BSE Sensex और Nifty 50 दोनों ही प्रमुख सूचकांक मजबूती के साथ कारोबार कर रहे हैं। निफ्टी 50 की वीकली एक्सपायरी के दिन लगभग सभी सेक्टरों में तेजी देखने को मिल रही है। मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी अच्छी खरीदारी का रुझान बना हुआ है। फिलहाल सेंसेक्स 675.51 अंक यानी 0.87% की बढ़त के साथ 78,241.67 पर कारोबार कर रहा है, जबकि निफ्टी 50 करीब 186.45 अंक यानी 0.78% चढ़कर 24,214.50 पर पहुंच गया।
तेल में नरमी से बाजार को मिला सहारा
एक दिन पहले कच्चे तेल की कीमतें उछलकर लगभग 120 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंच गई थीं। हालांकि ट्रंप के बयान के बाद युद्ध लंबा खिंचने की आशंका कम हुई और वैश्विक तेल आपूर्ति पर दबाव घटने की उम्मीद बनी। इसके चलते कच्चे तेल की कीमत अब 95 डॉलर प्रति बैरल से नीचे आ गई है, जिससे इक्विटी बाजार को सहारा मिला।
निवेशकों की संपत्ति में बड़ा उछाल
तेजी के इस माहौल में निवेशकों की संपत्ति में भी भारी इजाफा हुआ है। 09 मार्च 2026 को बीएसई पर सूचीबद्ध कंपनियों का कुल मार्केट कैप 4,41,10,262.45 करोड़ रुपए था। मंगलवार को बाजार खुलते ही यह बढ़कर 4,45,40,192.35 करोड़ रुपए पर पहुंच गया। इसका मतलब है कि कुछ ही समय में निवेशकों की संपत्ति लगभग 4.29 लाख करोड़ रुपए बढ़ गई।
सेंसेक्स के ज्यादातर शेयर हरे निशान में
सेंसेक्स के 30 शेयरों में से सिर्फ चार शेयर ही गिरावट में हैं, जबकि बाकी सभी में तेजी देखने को मिल रही है। सबसे ज्यादा बढ़त एयरलाइन कंपनी InterGlobe Aviation (इंडिगो), Asian Paints और UltraTech Cement के शेयरों में दर्ज की गई।