Edited By Sarita Thapa,Updated: 12 Jun, 2026 10:20 AM

थाईलैंड की एक अदालत ने 2015 में बैंकॉक के एरावन मंदिर बम धमाके के मामले में दो उइगर मुस्लिमों आरोपियों को मौत की सजा सुनाई है।
बैंकॉक (इंट.): थाईलैंड की एक अदालत ने 2015 में बैंकॉक के एरावन मंदिर बम धमाके के मामले में दो उइगर मुस्लिमों आरोपियों को मौत की सजा सुनाई है। इस धमाके में 20 लोगों की मौत हुई थी, जिनमें एक सिंगापुर का नागरिक भी शामिल था, जबकि 120 से ज्यादा लोग घायल हुए थे। एरावन मंदिर बैंकॉक का एक प्रसिद्ध धार्मिक स्थल है। यह हिंदू देवता ब्रह्मा को समर्पित है। यहां चार मुख वाले ब्रह्मा की प्रतिमा स्थापित है, जिसे थाई भाषा में फ्रा फ्रोम कहा जाता है। हर दिन हजारों स्थानीय लोग और विदेशी पर्यटक यहां पूजा करने और मनोकामना मांगने आते हैं।
अदालत ने दोनों आरोपियों को पहले से योजना बनाकर हत्या करने समेत कई गंभीर अपराधों का दोषी माना और उन्हें फांसी की सजा सुनाई। दोनों आरोपियों ने आरोपों से इनकार किया है और कहा है कि वे इस फैसले के खिलाफ अपील करेंगे। किसी संगठन ने इस धमाके की जिम्मेदारी नहीं ली थी। हालांकि सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यह हमला थाईलैंड की तरफ से 100 से ज्यादा उइगर लोगों को चीन वापस भेजे जाने के विरोध में किया गया था।
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