Edited By Sarita Thapa,Updated: 07 Mar, 2026 11:54 AM
भारतीय रेलवे ने धार्मिक और पर्यटन प्रेमियों के लिए एक बेहद शानदार और किफायती भारत गौरव टूरिस्ट ट्रेन पैकेज पेश किया है। इस 11 दिनों के विशेष सफर में आप उत्तर भारत के सबसे प्रमुख धार्मिक स्थलों के दर्शन कर सकेंगे।
Indian Railways Tour Package : भारतीय रेलवे ने धार्मिक और पर्यटन प्रेमियों के लिए एक बेहद शानदार और किफायती भारत गौरव टूरिस्ट ट्रेन पैकेज पेश किया है। इस 11 दिनों के विशेष सफर में आप उत्तर भारत के सबसे प्रमुख धार्मिक स्थलों के दर्शन कर सकेंगे। अगर आप कम बजट में उत्तर भारत के प्रमुख तीर्थों और ऐतिहासिक स्थलों को देखना चाहते हैं, तो यह रेलवे का ऑल-इन-वन पैकेज आपके लिए सबसे अच्छा विकल्प है। इसमें रहने-खाने से लेकर घूमने तक की पूरी जिम्मेदारी IRCTC की होती है।
सफर का नाम: महाकालेश्वर और उत्तर भारत दर्शन यात्रा
इस टूर पैकेज के जरिए आप देश के अलग-अलग कोनों से होते हुए अध्यात्म और इतिहास के सफर पर निकलेंगे।
यात्रा की अवधि और तारीख
समय: 10 रातें और 11 दिन।
तारीख: यह स्पेशल ट्रेन 25 अप्रैल 2026 से शुरू होकर 5 मई 2026 तक चलेगी।
कौन-कौन से शहर घूमेंगे ?
उज्जैन: महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग और ओंकारेश्वर के दर्शन।
मथुरा-वृंदावन: श्री कृष्ण जन्मभूमि और बांके बिहारी मंदिर।
हरिद्वार और ऋषिकेश: गंगा आरती, हर की पौड़ी, राम झूला और लक्ष्मण झूला।
अमृतसर: स्वर्ण मंदिर और वाघा बॉर्डर।
वैष्णो देवी (कटड़ा): माता वैष्णो देवी के दरबार में हाजिरी।
किराए का पूरा विवरण
रेलवे ने इसे तीन श्रेणियों में बांटा है ताकि हर बजट के लोग यात्रा कर सकें।
इकोनॉमी (स्लीपर क्लास): ₹19,990 प्रति व्यक्ति।
स्टैंडर्ड (3AC): ₹33,950 प्रति व्यक्ति।
कम्फर्ट (2AC): ₹45,060 प्रति व्यक्ति।
क्या-क्या सुविधाएं मिलेंगी ?
इस पैकेज की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें आपको अलग से खर्च करने की चिंता नहीं होगी। पैकेज में शामिल हैं:
भोजन: ट्रेन में नाश्ता, दोपहर का भोजन और रात का शाकाहारी खाना।
रहना: रात के विश्राम के लिए होटल या धर्मशाला की व्यवस्था।
लोकल ट्रांसपोर्ट: स्टेशनों से दर्शनीय स्थलों तक जाने के लिए बस की सुविधा।
बीमा: सभी यात्रियों के लिए यात्रा बीमा।
कहां से बोर्ड कर सकते हैं ?
यह ट्रेन दौंड, पुणे, लोनावला, कल्याण, वसई रोड, सूरत और वडोदरा जैसे प्रमुख स्टेशनों से होकर गुजरेगी, जहां से यात्री सवार हो सकते हैं।
शास्त्रों की बात, जानें धर्म के साथ