Edited By Prachi Sharma,Updated: 06 Feb, 2026 11:30 AM

Simhastha Kumbh Mela 2028 : आगामी सिंहस्थ मेले और पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से शिप्रा नदी में जल यात्री परिवहन सेवा शुरू करने की तैयारी की जा रही है। इस योजना के तहत लगभग 15 किलोमीटर लंबा वॉटर-वे विकसित किया जाएगा, जिसके माध्यम से श्रद्धालु...
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Simhastha Kumbh Mela 2028 : आगामी सिंहस्थ मेले और पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से शिप्रा नदी में जल यात्री परिवहन सेवा शुरू करने की तैयारी की जा रही है। इस योजना के तहत लगभग 15 किलोमीटर लंबा वॉटर-वे विकसित किया जाएगा, जिसके माध्यम से श्रद्धालु और पर्यटक नाव व मिनी क्रूज से नदी किनारे स्थित प्रमुख धार्मिक स्थलों तक आसानी से पहुंच सकेंगे। इस पहल से उज्जैन के धार्मिक पर्यटन को नई पहचान मिलने की उम्मीद है।
इस परियोजना का संचालन सार्वजनिक-निजी भागीदारी यानी PPP मॉडल पर किया जाएगा। स्मार्ट सिटी कंपनी द्वारा हाल ही में इसके लिए एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट (EOI) जारी किया गया था, जिस पर करीब छह अनुभवी कंपनियों ने रुचि दिखाई है। इन कंपनियों को बनारस, अहमदाबाद और गांधी सागर जैसे क्षेत्रों में नाव और क्रूज संचालन का अच्छा अनुभव है। उन्होंने नदी की गहराई, चौड़ाई, घाटों की स्थिति और जल प्रवाह को ध्यान में रखते हुए अपने सुझाव प्रस्तुत किए हैं। इन प्रस्तावों की समीक्षा के बाद जल्द ही टेंडर प्रक्रिया शुरू होने की संभावना है।
योजना के अनुसार शिप्रा नदी में शनि मंदिर से लेकर कालियादेह महल तक नाव और मिनी क्रूज सेवा चलाई जाएगी। लगभग 15 किलोमीटर लंबे इस मार्ग पर कई धार्मिक और ऐतिहासिक स्थल स्थित हैं, जो आपस में जुड़ जाएंगे। हालांकि रास्ते में मौजूद स्टॉपडेम, पुल और पुलिया जैसी संरचनाओं को ध्यान में रखते हुए तकनीकी विशेषज्ञों से परामर्श लिया जा रहा है, ताकि संचालन में कोई बाधा न आए।
इस वॉटर-वे परियोजना से उज्जैन में पर्यटन गतिविधियों को नया प्रोत्साहन मिलेगा। देश और विदेश से आने वाले पर्यटक इस सुविधा से आकर्षित होंगे, जिससे स्थानीय व्यापार और रोजगार को भी लाभ पहुंचेगा। भविष्य में बेहतर प्रतिक्रिया मिलने पर वॉटर स्पोर्ट्स और अन्य जल गतिविधियों को भी शुरू किया जा सकता है। इस जल मार्ग के जरिए श्रद्धालु शनि मंदिर, भूखी माता, कर्कराज मंदिर, नृसिंह घाट, रामघाट, दत्त अखाड़ा, ऋणमुक्तेश्वर, भृतहरि गुफा, सिद्धवट, मंगलनाथ, अंगारेश्वर और कालियादेह महल जैसे प्रमुख स्थलों तक सुगमता से पहुंच सकेंगे।