Edited By Mansi,Updated: 16 Apr, 2026 06:22 PM

विपुल अमृतलाल शाह ने आखिरकार लंदन ड्रीम्स के प्रोड्यूसर्स के खिलाफ 16 साल पुराना चेक बाउंस का मामला जीत लिया है।
नई दिल्ली/टीम डिजिटल। विपुल अमृतलाल शाह ने आखिरकार "लंदन ड्रीम्स" के प्रोड्यूसर्स के खिलाफ 16 साल पुराना चेक बाउंस का मामला जीत लिया है। साल 2009 में, विपुल अमृतलाल शाह ने अपनी कंपनी 'सनशाइन पिक्चर्स प्राइवेट लिमिटेड' के जरिए प्रोड्यूसर्स को उनकी फिल्म पूरी करने के लिए एक लोन दिया था। प्रोड्यूसर्स द्वारा जारी किया गया रीपेमेंट चेक उस वक्त बैंक में जमा करने पर बाउंस (डिसऑनर) हो गया था।
मिस्टर पीजे सिंह और उनकी पत्नी मिसेज गीता भल्ला सिंह दोषी
16 साल तक चली इस लंबी और थका देने वाली कानूनी प्रक्रिया के बाद, अंधेरी के मेट्रोपॉलिटन कोर्ट के विद्वान मजिस्ट्रेट ने 15 अप्रैल, 2026 को दिए अपने आदेश में प्रोड्यूसर्स मिस्टर पीजे सिंह और उनकी पत्नी मिसेज गीता भल्ला सिंह को दोषी ठहराया और उन्हें 'नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट एक्ट 1881' के तहत सजा सुनाई।
9 महीने की कैद
प्रोड्यूसर्स को 90 दिनों के भीतर भुगतान करने का आदेश दिया गया है, वरना उन्हें 9 महीने की कैद का सामना करना होगा। ऐसे में कहना गलत नहीं होगा कि इंसाफ में देरी जरूर हुई, लेकिन इंसाफ मिला।