ईरान युद्ध रोकने की डेडलाइन करीब; अपने ही बुने जाल में फंस सकते ट्रंप, 1 मई बनेगा निर्णायक दिन

Edited By Updated: 29 Apr, 2026 12:05 PM

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अमेरिकी राष्ट्रपति Donald J. Trump पर ईरान युद्ध को लेकर कानूनी दबाव बढ़ गया है। War Powers Resolution के तहत 60 दिन की समयसीमा 1 मई को खत्म हो रही है। अगर कांग्रेस की मंजूरी नहीं मिली, तो ट्रंप को सैन्य कार्रवाई रोकनी पड़ सकती है।

Washington: अमेरिका में ईरान के खिलाफ जारी सैन्य कार्रवाई को लेकर बड़ा संवैधानिक संकट खड़ा हो गया है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के सामने अब कानूनी समयसीमा तेजी से खत्म होने जा रही है, जिससे उनकी मुश्किलें बढ़ सकती हैं। दरअसल, अमेरिका के 1973 के  War Powers Resolution के अनुसार, कोई भी राष्ट्रपति कांग्रेस की अनुमति के बिना केवल 60 दिनों तक ही सैन्य कार्रवाई जारी रख सकता है। इसके बाद या तो कांग्रेस को युद्ध की मंजूरी देनी होती है या राष्ट्रपति को अपनी सेना वापस बुलानी पड़ती है। ट्रंप प्रशासन ने 2 मार्च को कांग्रेस को इस सैन्य कार्रवाई की जानकारी दी थी, जिसके बाद 60 दिन की समयसीमा 1 मई को समाप्त हो रही है। लेकिन अब तक कांग्रेस ने इस युद्ध को मंजूरी नहीं दी है।

 

क्या कहता है कानून ?
इस कानून के तहत राष्ट्रपति को 48 घंटे के भीतर कांग्रेस को सैन्य कार्रवाई की जानकारी देनी होती है इसके बाद 60 दिन की समयसीमा शुरू होती है। अगर मंजूरी नहीं मिलती, तो सैन्य कार्रवाई रोकनी जरूरी होती है। कांग्रेस चाहे तो इस अवधि को अधिकतम 30 दिन तक बढ़ा सकती है, लेकिन इसके लिए दोनों सदनों की मंजूरी जरूरी होती है।

 

 ट्रंप के लिए राजनीतिक मुश्किलें भी
ईरान के खिलाफ यह युद्ध ट्रंप के लिए राजनीतिक रूप से भी मुश्किल बनता जा रहा है। एक सर्वे के मुताबिक, केवल 34% अमेरिकी नागरिक ही इस युद्ध का समर्थन कर रहे हैं। रिपब्लिकन पार्टी के कुछ नेता भी अब असहज नजर आ रहे हैं। उदाहरण के तौर पर, सीनेटर John Curtis ने साफ कहा है कि अगर कांग्रेस की मंजूरी नहीं मिलती, तो वह इस युद्ध का समर्थन नहीं करेंगे।

 

कानून को नजरअंदाज कर सकते ट्रंप 
संभावना है कि ट्रंप इस कानून को नजरअंदाज कर सकते हैं या इसे असंवैधानिक बताते हुए अदालत में चुनौती दे सकते हैं। पहले भी कई अमेरिकी राष्ट्रपति बिना कांग्रेस की मंजूरी के सैन्य कार्रवाई करते रहे हैं। ट्रंप यह तर्क भी दे सकते हैं कि अमेरिकी सेना सीधे युद्ध में शामिल नहीं है, बल्कि सिर्फ नाकेबंदी और रणनीतिक कार्रवाई कर रही है इसलिए यह कानून लागू नहीं होता। 

 

अगर ट्रंप 1 मई के बाद भी सैन्य कार्रवाई जारी रखते हैं, तो 

  • कांग्रेस उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई कर सकती है
  • डेमोक्रेट्स अदालत का दरवाजा खटखटा सकते हैं
  • अमेरिका में बड़ा संवैधानिक टकराव हो सकता है

विशेषज्ञ मानते हैं कि यह मामला पिछले 50 साल में पहली बार War Powers Resolution को वास्तव में प्रभावी बना सकता है।
 

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