Edited By Tanuja,Updated: 06 Jan, 2026 11:40 AM

ईरान में खराब आर्थिक हालात के खिलाफ जारी विरोध प्रदर्शनों में अब तक कम से कम 35 लोगों की मौत हो चुकी है, जिनमें बच्चे भी शामिल हैं। 1,200 से अधिक लोगों को हिरासत में लिया गया है। हालात पर अमेरिका और ईरान के बीच तीखा तनाव बढ़ता दिख रहा है।
International Desk: ईरान में खस्ताहाल अर्थव्यवस्था के कारण हुए विरोध-प्रदर्शनों के दौरान अब तक कम से कम 35 लोगों की मौत हो चुकी है और इन प्रदर्शनों के थमने के कोई आसार भी नजर नहीं आ रहे। एक मानवाधिकार एजेंसी ने मंगलवार को यह जानकारी दी। अमेरिका की ‘ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट्स न्यूज एजेंसी' ने बताया कि एक सप्ताह से अधिक समय से जारी इन प्रदर्शनों के दौरान 1,200 से ज्यादा लोगों को हिरासत में लिया गया है। एजेंसी ने बताया कि मारे गए लोगों में 29 प्रदर्शनकारी, चार बच्चे और ईरान के सुरक्षाबलों के दो सदस्य हैं। इसके अनुसार, ईरान के 31 में से 27 प्रांतों के 250 से अधिक स्थानों पर प्रदर्शन हो रहे हैं।
यह समूह ईरान के भीतर मौजूद कार्यकर्ताओं के नेटवर्क के जरिए आंकड़े जुटाता है और पिछली बार अशांति के दौरान इसकी जानकारी सही साबित हुई थी। अर्ध-सरकारी समाचार एजेंसी ‘फार्स' ने सोमवार देर रात बताया कि प्रदर्शनों के दौरान लगभग 250 पुलिसकर्मी और ‘बसीज' बल के 45 सदस्य घायल हुए हैं। मृतकों की संख्या बढ़ने के साथ यह आशंका भी जताई जा रही है कि अमेरिका इसमें हस्तक्षेप कर सकता है।
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को ईरान को चेतावनी देते हुए कहा था कि अगर तेहरान शांतिपूर्वक विरोध कर रहे प्रदर्शनकारियों के खिलाफ हिंसा करता है तो अमेरिका ‘‘उन्हें बचाने के लिए आगे आएगा।'' हालांकि यह अभी स्पष्ट नहीं है कि ट्रंप हस्तक्षेप करेंगे या नहीं और यदि करेंगे तो किस तरह करेंगे, लेकिन उनके बयानों को लेकर ईरान की ओर से तीखी प्रतिक्रिया आई है। ईरानी अधिकारियों ने पश्चिम एशिया में तैनात अमेरिकी सैनिकों को निशाना बनाने की धमकी दी।