Edited By Tanuja,Updated: 18 Mar, 2026 12:23 PM

Donald Trump ने ईरान युद्ध के बीच Emmanuel Macron पर निशाना साधते हुए कहा कि वह जल्द पद से हट जाएंगे। होर्मुज मिशन में फ्रांस के इनकार के बाद ट्रंप नाटो और सहयोगी देशों से भी नाराज दिखे।
International Desk: मिडिल ईस्ट में जारी ईरान युद्ध अब केवल सैन्य संघर्ष नहीं, बल्कि वैश्विक कूटनीतिक टकराव का रूप ले चुका है। इसी बीच अमेरिका और उसके सहयोगियों के बीच मतभेद खुलकर सामने आ रहे हैं, जिसने अंतरराष्ट्रीय राजनीति को और ज्यादा तनावपूर्ण बना दिया है। अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने फ्रांस के राष्ट्रपति Emmanuel Macron पर तीखा हमला बोला है। यह विवाद तब बढ़ा जब फ्रांस ने Strait of Hormuz में अमेरिकी मिशन का हिस्सा बनने से इनकार कर दिया।
“मैक्रों जल्द पद से हटेंगे” ट्रंप
ओवल ऑफिस में पत्रकारों से बातचीत में ट्रंप ने कहा- “वह (मैक्रों) बहुत जल्द पद से बाहर हो जाएंगे… देखते हैं क्या होता है।” यह बयान सीधे तौर पर फ्रांस के रुख से नाराजगी दर्शाता है। मैक्रों ने साफ कहा कि-फ्रांस इस युद्ध में शामिल नहीं है। होर्मुज मिशन को युद्ध से अलग रखा जाना चाहिए, पहले ईरान के साथ बातचीत और तनाव कम करना जरूरी है। उन्होंने कहा कि जब हालात शांत होंगे, तब फ्रांस जहाजों की सुरक्षा में सहयोग कर सकता है।
नाटो और सहयोगियों पर भी हमला
ट्रंप ने NATO पर भी नाराजगी जताई। “हम उनकी मदद करते हैं, लेकिन वे हमारी मदद नहीं कर रहे… यह बड़ी गलती है।”ब्रिटेन, जर्मनी और अन्य देशों ने भी इस मिशन से दूरी बना ली है।रिपोर्ट्स के अनुसार जापान, ऑस्ट्रेलिया, स्पेन, ग्रीस जैसे देशों ने भी इनकार किया। नाटो ने कहा-यह यूरोप का युद्ध नहीं, इसके बावजूद ट्रंप ने कहा-“हमें किसी की जरूरत नहीं… हमारी सेना दुनिया की सबसे मजबूत है।”
होर्मुज संकट और बढ़ा तनाव
ईरान द्वारा Strait of Hormuz बंद किए जाने के बाद अमेरिका इसे खोलने के लिए प्रयास कर रहा है।व्हाइट हाउस के अनुसार, तेल टैंकर धीरे-धीरे फिर से गुजरने लगे हैं, लेकिन खतरा अभी भी बरकरार है।ट्रंप और मैक्रों के बीच यह टकराव दिखाता है कि ईरान युद्ध अब सिर्फ क्षेत्रीय नहीं रहा..यह वैश्विक गठबंधनों की परीक्षा बन चुका है, जहां अमेरिका खुद को काफी हद तक अलग-थलग महसूस कर रहा है।