बंद कमरे में सुनवाई, फिर 12.5 साल की जेल... मकाऊ में पूर्व सांसद पर चीन की सख्ती, राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा है मामला

Edited By Updated: 06 Nov, 2026 04:58 PM

macau national security case

मकाऊ की एक अदालत ने पूर्व सांसद 'ओ काम सैन' को 12.5 साल की जेल की सजा सुनाई है। यह सजा बंद कमरे में चली सुनवाई के बाद दी गई है जो कैसीनो हब माने जाने वाले मकाऊ में राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा पहला मामला है।

Macau National Security Case : मकाऊ की एक अदालत ने पूर्व सांसद 'ओ काम सैन' को 12.5 साल की जेल की सजा सुनाई है। यह सजा बंद कमरे में चली सुनवाई के बाद दी गई है जो कैसीनो हब माने जाने वाले मकाऊ में राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा पहला मामला है।

2009 में मकाऊ का राष्ट्रीय सुरक्षा कानून लागू होने के बाद, 2025 में हुई उनकी गिरफ्तारी इस कानून के तहत सार्वजनिक रूप से सामने आया पहला मामला है। इस मामले की झलक हांगकांग में लोकतंत्र समर्थक आंदोलन पर बीजिंग की कठोर कार्रवाई में भी देखने को मिलती है। उनके परिवार का आरोप है कि गिरफ्तारी के बाद से ही 'ओ' को अपने परिवार से संपर्क करने और निजी वकील रखने की अनुमति नहीं दी गई है।

ओ को राज्य की राजनीतिक सत्ता के खिलाफ साजिश रचने और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा पैदा करने वाले कार्यों के लिए मकाऊ के बाहर के संगठनों, समूहों या लोगों के साथ संपर्क स्थापित करने का दोषी पाया गया। अदालत ने कहा कि ओ ने लंबे समय तक बाहरी विरोधी संगठनों को ऐसी तस्वीरें और जानकारी जुटाने, तैयार करने और सार्वजनिक रूप से फैलाने में मदद और सहयोग दिया, जिनमें स्पष्ट रूप से राज्य की राजनीतिक सत्ता के खिलाफ विध्वंसक राजनीतिक दावे शामिल थे।

अदालत ने आगे कहा कि 'ओ' का मकसद "मकाऊ के निवासियों के मन में केंद्रीय जन सरकार के खिलाफ नफरत पैदा करना था, ताकि संविधान में निहित राज्य की बुनियादी व्यवस्था को उखाड़ा और कमजोर किया जा सके। सितंबर में बंद कमरे के भीतर उनकी सुनवाई हुई, जो तीन दिनों के भीतर पूरी हो गई।

जस्टिस एब्रॉड के निदेशक माइकल पोलक, जो उनके परिवार की मदद कर रहे हैं ने इस सुनवाई को एक ढोंग करार दिया। उन्होंने कहा कि इससे मकाऊ की बदनामी हुई है और दुनिया भर में इस क्षेत्र को देखने के नजरिए पर भी असर पड़ेगा। उन्होंने द इंडिपेंडेंट को बताया कि ओ की सुनवाई और उन पर लगाए गए "मनगढ़ंत आरोप" मकाऊ को "दुनिया के सबसे दमनकारी देशों की कतार में खड़ा कर देते हैं, जहां सत्ताधारी पक्ष के पास असहमति रखने वालों को जेल में डालने की ताकत होती है, और वहां किसी भी तरह की उचित या निष्पक्ष कानूनी प्रक्रिया का नामोनिशान नहीं होता।

69 वर्षीय 'ओ' के पास पुर्तगाल की दोहरी नागरिकता है। वे मकाऊ में विपक्ष के सबसे प्रमुख चेहरों में से एक हैं और बीजिंग के वफादारों के दबदबे वाली विधायिका में दो दशकों तक सांसद रहे हैं।

पिछले साल EU ने उनकी गिरफ्तारी की निंदा तो की लेकिन उनकी रिहाई की मांग नहीं की। मिस्टर पोलक ने पुर्तगाल और EU से अपील की कि वे मांग करें कि 'बिना किसी वास्तविक अपराध के एक दशक से ज्यादा जेल में बिताने के बजाय Au को मकाऊ से बाहर जाने की अनुमति दी जाए। लंदन में रहने वाली Au की बेटी, चेरी Au ने पहले 'द इंडिपेंडेंट' को बताया था कि परिवार को उनकी सेहत की चिंता है क्योंकि उन्हें डायबिटीज है।

सुश्री चेरी Au ने कहा, "मुझे सबसे ज्यादा दुख इस बात का है कि जिस सरकार के लिए उन्होंने इतने सालों तक काम किया, वही सरकार आज उन्हें एक विलेन की तरह पेश कर रही है। मुझे उम्मीद है कि लोग उस इंसान को याद रखेंगे जिसे वे उनके पूरे करियर के दौरान जानते थे। वही इंसान जिस पर उन्होंने भरोसा किया और बार-बार चुनकर भेजा।" इस समय उनके साथ बहुत बड़ा अन्याय हो रहा है। मुझे उम्मीद है कि जो लोग उनकी सालों की सेवा को याद रखते हैं, वे उनके साथ खड़े होंगे।

एक शिक्षक से राजनेता बने Au ने 20 साल तक विधायिका में काम किया और 2021 में पद छोड़ दिया। Au बीजिंग में 1989 के तियानमेन स्क्वायर दमन  की याद में मकाऊ में आयोजित कार्यक्रमों के आयोजकों में से एक थे।

उन्हें पिछले साल जुलाई में मकाऊ स्थित उनके घर से हिरासत में लिया गया था। उन पर आरोप है कि उन्होंने लंबे समय तक मकाऊ के बाहर के विद्रोही संगठनों की मदद की और उनके साथ मिलकर ऐसे राजनीतिक विचार फैलाए, जिनका मकसद सत्ता को पलटना था। साथ ही, उन पर गलत जानकारी फैलाने का भी आरोप है।

आलोचकों का कहना है कि चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग द्वारा असहमति को दबाने की मुहिम अब पर्ल रिवर डेल्टा के पार, पूर्व पुर्तगाली उपनिवेश मकाऊ तक पहुंच गई है। यहां के अधिकारी Au पर मुकदमा चलाकर अपने सख्त कानूनों को परखने की तैयारी कर रहे हैं। मकाऊ एक पूर्व पुर्तगाली उपनिवेश है। 1999 में चीन के नियंत्रण में आने के बाद से, हांगकांग की तरह ही, यह भी एक 'विशेष प्रशासनिक क्षेत्र (SAR) के रूप में काम कर रहा है। यहां की अपनी राजनीतिक और कानूनी व्यवस्था है। मकाऊ चीन का इकलौता ऐसा शहर है जहाँ कैसीनो जुआ कानूनी है। यहां अमेरिकी गेमिंग कंपनियों MGM रिसॉर्ट्स, लास वेगास सैंड्स और विन रिसॉर्ट्स से जुड़ी कंपनियों द्वारा चलाए जा रहे रिसॉर्ट्स मौजूद हैं।

'ह्यूमन राइट्स वॉच' का कहना है कि मकाऊ द्वारा Au पर किया जा रहा यह अन्यायपूर्ण मुकदमा वहां के सभी शांतिपूर्ण आलोचकों के बीच एक खौफनाक संदेश भेजता है। समूह की उप-एशिया निदेशक माया वांग ने कहा, "मकाऊ में लोकतंत्र समर्थक आवाजों को अधिकारियों द्वारा दबाया जाना, असहमति और मौलिक स्वतंत्रताओं पर चीनी सरकार के व्यापक हमले को दर्शाता है।"

ओ (Au) ने बताया कि वे राजनीति में इसलिए आए क्योंकि उन्होंने रोजमर्रा की जिंदगी में कई ऐसी सामाजिक समस्याएं देखीं, जिन पर लोगों का आवाज उठाना ज़रूरी था। उन्होंने कहा कि 1989 के तियानमेन स्क्वायर लोकतंत्र समर्थक आंदोलन ने उन्हें और उनके जैसे विचारों वाले दोस्तों को एक साथ ला दिया। बाद में उन्हें लगा कि मकाऊ को ऐसे लोगों की जरूरत है जो एक खुले और लोकतांत्रिक समाज को आगे बढ़ा सकें।

गिरफ्तारी से पहले, ओ मकाऊ में उन चुनिंदा लोगों में से एक थे जो फेसबुक और साक्षात्कारों के जरिए अक्सर सरकारी कदमों और राजनीतिक घटनाक्रमों की आलोचना करते थे, हालाँकि कई लोग उनकी इन आलोचनाओं को काफी हल्का मानते थे। जुलाई में अदालत ने कहा कि ओ का पक्ष अदालत द्वारा नियुक्त एक वकील रखेगा। अधिकारियों के अनुसार, इस वकील को ओ की मंज़ूरी प्राप्त थी और कानून के तहत उनके अधिकारों को सुनिश्चित किया गया था।

इससे पहले अदालत ने कहा था कि जज ने ओपन ट्रायल (खुली सुनवाई) न कराने का फैसला लिया है, ताकि राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े हितों को कोई नुकसान न पहुंचे। अदालत ने बताया कि यह फैसला 'पब्लिक प्रॉसिक्यूशन ऑफिस' के अनुरोध पर और शहर की राष्ट्रीय सुरक्षा समिति की पुष्टि के बाद लिया गया है। इस समिति का नेतृत्व मकाऊ के मुख्य कार्यकारी सैम हो फाई करते हैं।

 

 

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