Edited By Niyati Bhandari,Updated: 05 Nov, 2026 06:30 AM

Dhanteras Vastu Tips: धनतेरस पर खरीदी गई वस्तुएं लंबे समय तक शुभ फल दें, इसके लिए अपनाएं ये आसान वास्तु उपाय। जानें वाहन, कपड़े और इलेक्ट्रॉनिक सामान के लिए खास नियम व दीपदान का महत्व।
Dhanteras Vastu Tips: दीपावली केवल एक दिन का त्योहार नहीं, बल्कि पूरे 5 दिवसीय महापर्व का पावन उत्सव है। इस महापर्व का शुभारंभ प्रथम दिन धनतेरस से होता है, जिसके बाद दूसरे दिन नरक चौदस, तीसरे दिन दीपावली, चौथे दिन गोवर्धन पूजा और पांचवें दिन भाईदूज का पर्व मनाया जाता है। धनतेरस के शुभ अवसर पर भगवान धन्वंतरि की जयंती भी मनाई जाती है। इस महापर्व की एक विशेष बात यह है कि इसका पहला दिन (धनतेरस) और अंतिम दिन (भाईदूज), दोनों ही प्रत्यक्ष रूप से यमराज से संबंधित हैं।
धनतेरस के दिन लोग सोना-चांदी, बर्तन, वाहन और इलेक्ट्रॉनिक सामान की खरीदारी करते हैं लेकिन क्या आप जानते हैं कि शास्त्रों व वास्तु के अनुसार यदि खरीदारी के बाद कुछ विशेष उपाय किए जाएं, तो वे वस्तुएं घर में लंबे समय तक टिकाऊ रहती हैं और शुभ फल प्रदान करती हैं।
नए वस्त्र पहनने से पहले अपनाएं यह नियम
धनतेरस पर खरीदे गए नए कपड़ों को सीधे पहनने के बजाय एक छोटा सा उपाय अवश्य करें। इस दिन नए वस्त्र धारण करने से पूर्व उन पर हल्दी या केसर के हल्के छींटे दें। हल्दी और केसर को अत्यंत पवित्र और शुभ माना जाता है, जिससे कपड़ों का वास्तु दोष समाप्त होता है।
नई कार या वाहन खरीदने पर करें यह पूजन विधि
यदि आप धनतेरस के दिन नई कार, बाइक या कोई भी वाहन खरीद रहे हैं, तो उसे घर लाने के बाद ये उपाय अवश्य करें:
वाहन के बोनट पर कुमकुम और शुद्ध घी के मिश्रण से स्वास्तिक का शुभ चिह्न बनाएं।
एक नारियल पर रोली से 'ॐ' लिखें, उसे वाहन के आगे फोड़ें और सभी में प्रसाद बांटें।
एक नींबू को वाहन के अगले टायर के नीचे रखकर कुचलें और इसके बाद वाहन को थोड़ा पीछे हटा लें।

नए या पुराने इलेक्ट्रॉनिक सामान के लिए उपाय
घर में खरीदे गए नए इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों (जैसे टीवी, फ्रिज, मोबाइल आदि) या पुराने गैजेट्स पर से नकारात्मक ऊर्जा दूर करने के लिए एक नींबू को उपकरण के ऊपर से घुमाकर (उतार कर) किसी वीरान या निर्जन स्थान पर फेंक दें अथवा नींबू को निचोड़कर फ्लश में बहा दें।
संध्या समय दीपदान का विशेष महत्व
धनतेरस की शाम को दीपदान करना अत्यंत आवश्यक और कल्याणकारी माना गया है। चूंकि धनतेरस का संबंध यमराज से भी है, इसलिए संध्या के समय यमदेव के नाम का दीपक जलाने से अकाल मृत्यु का भय दूर होता है और घर में सुख-समृद्धि बनी रहती है।
