Edited By Parveen Kumar,Updated: 10 Feb, 2025 06:22 PM

सरकार ने सोमवार को संसद में कहा कि पिछले तीन साल में एयरलाइनों द्वारा 255 यात्रियों को विभिन्न कारणों से 'नो फ्लाई लिस्ट' में रखा गया है। इन कारणों में दुर्व्यवहार, झगड़े और चालक दल के सदस्यों के साथ दुर्व्यवहार की घटनाएं शामिल हैं।
नेशनल डेस्क : सरकार ने सोमवार को संसद में कहा कि पिछले तीन साल में एयरलाइनों द्वारा 255 यात्रियों को विभिन्न कारणों से 'नो फ्लाई लिस्ट' में रखा गया है। इन कारणों में दुर्व्यवहार, झगड़े और चालक दल के सदस्यों के साथ दुर्व्यवहार की घटनाएं शामिल हैं। नागरिक उड्डयन मंत्रालय द्वारा साझा किए गए आंकड़ों के अनुसार, वर्ष 2024 में कुल 82 लोगों को इस सूची में रखा गया था, जबकि वर्ष 2023 में यह संख्या 110 और वर्ष 2022 में यह संख्या 63 थी।
एक प्रश्न के लिखित उत्तर में, नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल ने राज्यसभा में कहा कि यात्रियों को अन्य कारणों के अलावा दुर्व्यवहार, झगड़े और चालक दल के सदस्यों के साथ मारपीट की घटनाओं के कारण 'नो फ्लाई लिस्ट' (उड़ान नहीं भरने देने वाली सूची) में रखा गया था। ऐसा व्यक्ति जिसे इस प्रकार की सूची में शामिल किया गया है, वह आदेश जारी होने की तिथि से 60 दिनों के भीतर मंत्रालय द्वारा गठित अपीलीय समिति के समक्ष अपील कर सकता है।