Edited By Anu Malhotra,Updated: 23 Mar, 2026 12:01 PM

श्रद्धा जब अंधविश्वास की चौखट लांघ जाती है, तो इंसान शिकार बन जाता है। महाराष्ट्र के नासिक से एक ऐसा ही दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जहां मर्चेंट नेवी का एक रिटायर्ड अधिकारी 'ज्योतिष' का चोला ओढ़कर एक बेबस महिला की जिंदगी नर्क बनाता रहा।...
नासिक: श्रद्धा जब अंधविश्वास की चौखट लांघ जाती है, तो इंसान शिकार बन जाता है। महाराष्ट्र के नासिक से एक ऐसा ही दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जहां मर्चेंट नेवी का एक रिटायर्ड अधिकारी 'ज्योतिष' का चोला ओढ़कर एक बेबस महिला की जिंदगी नर्क बनाता रहा। खुद को 'कैप्टन' कहलाने वाले 67 वर्षीय अशोक कुमार खरात ने न सिर्फ धर्म और डर का सहारा लिया, बल्कि दैवीय शक्तियों की आड़ में तीन साल तक महिला का शारीरिक शोषण किया।
पेंडेंट और डर का वो मायाजाल
कहानी साल 2019 में शुरू हुई थी, जब पीड़ित महिला अपने भविष्य और शादी के मार्गदर्शन के लिए एक परिचित के जरिए इस कथित ज्योतिषी के पास पहुंची थी। आरोपी ने उसे एक 'खास पेंडेंट' दिया और शर्त रखी कि इसे कभी गले से मत उतारना। इत्तेफाक से एक परीक्षा के दौरान महिला को वह पेंडेंट उतारना पड़ा और उसी दौरान उसकी शादी का एक रिश्ता टूट गया। बस, यहीं से आरोपी ने महिला के मन में यह डर बैठा दिया कि उसकी हर खुशी 'कैप्टन' के हाथ में है।
बेहोशी का घोल और ब्लैकमेलिंग का खेल
जब महिला दोबारा मदद मांगने पहुंची, तो अशोक खरात ने अपनी 'दैवीय शक्तियों' का ढोंग रचा। उसने महिला को कुछ रस्में निभाने के बहाने नशीला घोल पिलाया और शरीर को सुन्न कर दिया जिसके बाद पहली बार उसने दरिंदगी की। इसके बाद शुरू हुआ धमकियों का वो सिलसिला, जिसने महिला की रूह तक को कंपा दिया। आरोपी उसे डराता रहा कि अगर उसने विरोध किया तो उसकी शादी कभी नहीं होगी। हद तो तब हो गई जब महिला की शादी होने के बाद भी वह उसे यह कहकर ब्लैकमेल करता रहा कि "अगर मेरी बात नहीं मानी, तो तेरे पति की मौत हो जाएगी।"
पेनड्राइव में कैद काले कारनामों के सबूत
पुलिस की जांच में इस ढोंगी बाबा के आलीशान फॉर्महाउस और घर से जो बरामद हुआ, वह किसी अपराधी की फाइल जैसा है। तलाशी के दौरान एक पिस्तौल, कारतूस और कुछ संदिग्ध दस्तावेज मिले हैं। सबसे चौंकाने वाली चीज एक पेनड्राइव है, जिसमें 58 वीडियो मिले हैं। इनमें से कई क्लिप बेहद आपत्तिजनक हैं, जो आरोपी की घिनौनी करतूतों की गवाही दे रहे हैं।
मामले की गंभीरता को देखते हुए राज्य सरकार ने एसआईटी (SIT) का गठन कर दिया है। फिलहाल नासिक कोर्ट ने आरोपी को पुलिस हिरासत में भेज दिया है। यह घटना समाज के लिए एक बड़ा सबक है कि आस्था के नाम पर डराने वाले 'कैप्टन' जैसे लोगों से सावधान रहना कितना जरूरी है।