Edited By Anu Malhotra,Updated: 25 Mar, 2026 08:24 AM

Gold and Silver Price Outlook: मिडिल-ईस्ट के अशांत माहौल और वैश्विक राजनीति में हो रहे बदलावों का सीधा असर अब आपकी जेब और निवेश पर पड़ता दिख रहा है। पिछले कुछ दिनों से सोने और चांदी की कीमतों में जो बड़ी गिरावट देखी जा रही थी, मंगलवार को उस पर थोड़ा...
Gold and Silver Price Outlook: मिडिल-ईस्ट के अशांत माहौल और वैश्विक राजनीति में हो रहे बदलावों का सीधा असर अब आपकी जेब और निवेश पर पड़ता दिख रहा है। पिछले कुछ दिनों से सोने और चांदी की कीमतों में जो बड़ी गिरावट देखी जा रही थी, मंगलवार को उस पर थोड़ा ब्रेक लगा है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा ईरान के पावर प्लांट पर हमले को 5 दिनों के लिए टालने की खबर ने बाजार को थोड़ी राहत दी, जिसके बाद दिल्ली के सर्राफा बाजार में सोने की कीमतों में 1,200 रुपये का उछाल दर्ज किया गया। इस तेजी के बाद अब शुद्ध सोना 1.44 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के स्तर पर पहुंच गया है, जबकि चांदी 2.30 लाख रुपये प्रति किलोग्राम पर टिकी हुई है।
हालांकि, निवेशकों के मन में अभी भी एक बड़ा सवाल यह है कि क्या यह तेजी टिकी रहेगी या कीमतें और नीचे जाएंगी? कमोडिटी बाजार के दिग्गज जानकार और केडिया एडवायजरी के डायरेक्टर अजय केडिया का मानना है कि फिलहाल सोने-चांदी की चमक कुछ और फीकी पड़ सकती है। उनके विश्लेषण के अनुसार, घरेलू बाजार में सोना गिरकर 1.15 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम तक आ सकता है, वहीं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर यह 3450 से 3500 डॉलर प्रति औंस के करीब जा सकता है। चांदी की बात करें तो MCX पर इसके दाम घटकर 1.75 लाख रुपये प्रति किलोग्राम तक पहुंचने की संभावना जताई जा रही है।
बाजार में इस समय अजीब सी कशमकश है। एक तरफ ट्रंप के फैसलों को लेकर संदेह है, तो दूसरी तरफ निचले स्तरों पर हो रही खरीदारी कीमतों को सहारा दे रही है। अजय केडिया ने एक महत्वपूर्ण ऐतिहासिक पहलू की ओर इशारा करते हुए कहा है कि अक्सर युद्ध की शुरुआत में कीमती धातुओं के दाम गिरते हैं, लेकिन बाद में वे मजबूती से वापसी करते हैं। इस लिहाज से देखा जाए तो साल 2026 की दूसरी छमाही सोने और चांदी के निवेशकों के लिए मुनाफे का नया दौर लेकर आ सकती है। फिलहाल बाजार की नजरें अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों पर टिकी हैं, जो आने वाले दिनों में कीमतों की दिशा तय करेंगी।