Edited By Parveen Kumar,Updated: 05 Jun, 2025 07:09 PM

बेंगलुरु में हुए भगदड़ मामले में पुलिस ने आरसीबी, डीएनए (इवेंट मैनेजर), केएससीए प्रशासनिक समिति और अन्य के खिलाफ कब्बन पार्क पुलिस स्टेशन में FIR दर्ज की है। FIR में कहा गया है कि इस घटना में गंभीर लापरवाही हुई है। ये भगदड़ आईपीएल-2025 के फाइनल के...
नेशनल डेस्क: बेंगलुरु में हुए भगदड़ मामले में पुलिस ने आरसीबी, डीएनए (इवेंट मैनेजर), केएससीए प्रशासनिक समिति और अन्य के खिलाफ कब्बन पार्क पुलिस स्टेशन में FIR दर्ज की है। FIR में कहा गया है कि इस घटना में गंभीर लापरवाही हुई है। ये भगदड़ आईपीएल-2025 के फाइनल के बाद 4 जून को चिन्नास्वामी स्टेडियम के बाहर हुई थी, जिसमें 11 लोगों की मौत हो गई थी।
भगदड़ मामले की सुनवाई गुरुवार को कर्नाटक हाई कोर्ट में हुई। कोर्ट ने राज्य सरकार को नोटिस जारी करते हुए 10 जून तक इस मामले की पूरी जानकारी (स्टेटस रिपोर्ट) देने को कहा है। कोर्ट ने इस मामले को जनहित याचिका के रूप में लिया है।
एडवोकेट जनरल शशि किरण शेट्टी ने बताया कि स्टेडियम में फ्री एंट्री के कारण बाहर भारी भीड़ जमा हो गई, जिससे भगदड़ मची। उन्होंने कहा कि सरकार इस मामले को गंभीरता से देख रही है और दोषारोपण अभी सही नहीं होगा। हमारा मकसद है कि पता लगाया जाए कि क्या गलती हुई और ऐसी घटना फिर न हो।
हाई कोर्ट ने कहा कि बड़े आयोजनों में एसओपी (सुरक्षा नियम) का पालन जरूरी होता है। इस दौरान स्टेडियम और आसपास करीब 2.5 लाख लोग जमा हो गए थे, जबकि स्टेडियम की क्षमता केवल 30 हजार है। इससे स्थिति नियंत्रण से बाहर हो गई।
कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि घटना स्थल पर एंबुलेंस और पास के अस्पतालों की जानकारी भी होनी चाहिए थी। शशि किरण शेट्टी ने माना कि एंबुलेंस मौजूद थीं लेकिन इतने बड़े हादसे के लिए पर्याप्त नहीं थीं। मजिस्ट्रेट जांच चल रही है और 15 दिन में रिपोर्ट आएगी। किसी को बचाया नहीं जाएगा, दोषी को जिम्मेदार ठहराया जाएगा।