Edited By Mansa Devi,Updated: 01 Apr, 2026 10:49 AM

मिडिल ईस्ट में जारी तनाव और युद्ध जैसे हालात का असर अब भारत में भी दिखाई देने लगा है। एक अप्रैल से देश में कमर्शियल गैस सिलेंडर के दामों में फिर से बढ़ोतरी कर दी गई है।
नेशनल डेस्क: मिडिल ईस्ट में जारी तनाव और युद्ध जैसे हालात का असर अब भारत में भी दिखाई देने लगा है। एक अप्रैल से देश में कमर्शियल गैस सिलेंडर के दामों में फिर से बढ़ोतरी कर दी गई है। हालांकि राहत की बात यह है कि घरेलू गैस सिलेंडर की कीमतों में इस बार कोई बदलाव नहीं किया गया है।
चारों महानगरों में कमर्शियल सिलेंडर का नया रेट
तेल कंपनियों ने देश के अलग-अलग शहरों में कमर्शियल सिलेंडर के दाम बढ़ाए हैं। राजधानी दिल्ली में अब यह सिलेंडर 194 रुपये महंगा होकर 2078.50 रुपये में मिलेगा, जो पहले 1884.50 रुपये था। मुंबई में इसकी कीमत 196 रुपये बढ़कर 2031 रुपये हो गई है। चेन्नई में 203 रुपये की बढ़ोतरी के बाद यह 2246.50 रुपये का हो गया है, जबकि कोलकाता में 218 रुपये बढ़कर इसकी कीमत 2208 रुपये पहुंच गई है।
अन्य शहरों की बात करें तो लखनऊ में कमर्शियल सिलेंडर अब 2201 रुपये, पटना में 2365 रुपये, जयपुर में 2031 रुपये, बेंगलुरु में 2161 रुपये और हैदराबाद में 2321 रुपये में उपलब्ध होगा। गौरतलब है कि इससे पहले 7 मार्च को भी कमर्शियल सिलेंडर के दाम 115 रुपये बढ़ाए गए थे। यानी एक महीने के भीतर दूसरी बार कीमतों में इजाफा हुआ है।
सिलेंडर के रेट बढ़ने से इंसान पर क्या असर पड़ेगा?
इस बढ़ोतरी का सीधा असर आम लोगों और छोटे कारोबारियों पर पड़ने वाला है। होटल, रेस्टोरेंट, ढाबे और फास्ट फूड जैसे व्यवसायों में कमर्शियल गैस का ज्यादा इस्तेमाल होता है। ऐसे में उनकी लागत बढ़ेगी, जिसका असर खाने-पीने की चीजों की कीमतों पर भी देखने को मिलेगा। इससे आम उपभोक्ताओं का खर्च बढ़ सकता है और छोटे व्यापारियों के मुनाफे पर भी असर पड़ेगा।
कमर्शियल सिलेंडर के रेट ही कंपनियों ने क्यों बढ़ाए?
कीमतों में बढ़ोतरी के पीछे अंतरराष्ट्रीय कारण बताए जा रहे हैं। मिडिल ईस्ट में चल रहे तनाव के कारण कच्चे तेल की आपूर्ति प्रभावित हुई है। खासतौर पर होर्मुज जलडमरूमध्य में रुकावट के चलते वैश्विक स्तर पर तेल की कीमतों में तेजी आई है। इसी वजह से भारत में भी गैस और पेट्रोलियम उत्पाद महंगे हो रहे हैं, और तेल कंपनियों को कमर्शियल सिलेंडर के दाम बढ़ाने पड़े हैं।