Edited By Radhika,Updated: 10 Apr, 2026 05:37 PM

कतर ने भारत के लिए एक भरोसेमंद ऊर्जा आपूर्तिकर्ता बने रहने का अपना संकल्प दोहराया है। कतर के ऊर्जा मंत्री साद शेरिदा अल-काबी ने दोहा में भारतीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी के साथ बातचीत के दौरान यह आश्वासन दिया। इस दौरान दोनों पक्षों ने पश्चिम...
नेशनल डेस्क: कतर ने भारत के लिए एक भरोसेमंद ऊर्जा आपूर्तिकर्ता बने रहने का अपना संकल्प दोहराया है। कतर के ऊर्जा मंत्री साद शेरिदा अल-काबी ने दोहा में भारतीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी के साथ बातचीत के दौरान यह आश्वासन दिया। इस दौरान दोनों पक्षों ने पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच वैश्विक बाजारों में स्थिरता बनाए रखने का आह्वान किया।
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भारत सरकार ने शुक्रवार को जारी एक बयान में कहा कि हरदीप सिंह पुरी 9-10 अप्रैल तक कतर की दो दिवसीय यात्रा पर थे। इस दौरान उन्होंने इस क्षेत्र में संघर्ष शुरू होने के बाद प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की ओर से एकजुटता का संदेश कतर के नेतृत्व तक पहुंचाया। दोनों पक्षों ने आठ अप्रैल को घोषित दो सप्ताह के युद्धविराम का स्वागत किया और वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति में आ रहे व्यवधानों को जल्द खत्म करने की जरूरत पर जोर दिया। बयान में कहा गया कि उन्होंने आपूर्ति श्रृंखला को बनाए रखने के लिए निर्बाध नौवहन के महत्व पर भी बल दिया। यह यात्रा ऐसे समय में हुई है, जब भारत वैश्विक तनावों के बीच अपनी ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित करने का प्रयास कर रही है। कतर भारत को एलएनजी और एलपीजी की आपूर्ति करने वाला सबसे बड़ा स्रोत है, जिसकी हिस्सेदारी क्रमशः 45 प्रतिशत और 20 प्रतिशत है।
बयान के अनुसार पुरी ने कतर के अमीर शेख तमीम बिन हमद अल थानी और वहां के प्रधानमंत्री को प्रधानमंत्री मोदी की शुभकामनाएं और समर्थन का संदेश दिया। दोनों मंत्रियों ने द्विपक्षीय संबंधों के सभी पहलुओं पर चर्चा की और इस क्षेत्र में शांति और स्थिरता की जल्द बहाली की उम्मीद जताई।