Edited By Mansa Devi,Updated: 20 Feb, 2026 05:04 PM

कांग्रेस पार्टी ने गुरुवार को केंद्र सरकार पर बड़ा आरोप लगाते हुए कहा कि उसके बनाए गए नौ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) वीडियो बीजेपी सरकारों और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आदेश पर जबरन डिलीट करवा दिए गए।
नेशनल डेस्क: कांग्रेस पार्टी ने गुरुवार को केंद्र सरकार पर बड़ा आरोप लगाते हुए कहा कि उसके बनाए गए नौ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) वीडियो बीजेपी सरकारों और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आदेश पर जबरन डिलीट करवा दिए गए। पार्टी का दावा है कि राजनीतिक विरोधियों के खिलाफ नियमों का गलत इस्तेमाल किया जा रहा है और असहमति की आवाज़ों को दबाया जा रहा है।
कांग्रेस की सोशल मीडिया हेड सुप्रिया श्रीनेत ने प्रेस कांफ्रेंस में आरोप लगाए कि मोदी सरकार भारत की आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस क्षमता को रोकने में कोई कसर नहीं छोड़ रही। उन्होंने कहा, “एक तरफ प्रधानमंत्री मोदी AI पर बड़ी बातें करते हैं, लेकिन असल में वह आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से डरते हैं।”
जबरन हटाए गए 9 वीडियो
सुप्रिया श्रीनेत ने दावा किया कि पिछले छह हफ्तों में कांग्रेस द्वारा बनाए गए 9 AI वीडियो को प्रधानमंत्री और उनके केंद्र व बीजेपी राज्य सरकारों ने जबरन हटवाया। इन सभी वीडियो में कानूनी रूप से आवश्यक AI डिस्क्लेमर मौजूद था और पूरे समय “AI-जनरेटेड वीडियो” लिखा हुआ था।
कांग्रेस का आरोप है कि इन वीडियो में दिखाया गया था कि प्रधानमंत्री मोदी ने जनरल नरवणे से बातचीत के दौरान अपनी जिम्मेदारी से दूरी बनाई और अमेरिका के साथ एक व्यापार सौदे के लिए भारत के राष्ट्रीय हितों का समझौता किया। पार्टी ने कहा कि मोदी और बीजेपी सच से डर रहे हैं और इसलिए AI प्रेजेंटेशन से घबराए हुए हैं।
नियमों का कथित गलत इस्तेमाल
कांग्रेस ने आरोप लगाया कि इन AI वीडियो को हटाने के आदेश बिहार, राजस्थान, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र की पुलिस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म को भेजे। वहीं, कुछ आदेश सीधे केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव के अधीन इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय से आए। पार्टी का कहना है कि यह आईटी नियम, 2021 का खुला गलत इस्तेमाल है। सुप्रिया ने कहा, “वीडियो हटाए जाने का कारण पूरी तरह गुप्त रखा गया है। कोई सार्वजनिक आदेश नहीं है, जिससे अदालत में चुनौती देना भी मुश्किल हो गया है। कम से कम यह तो बताएं कि इन वीडियो में क्या गैरकानूनी था।”
राजनीतिक व्यंग्य और AI डिस्क्लेमर
कांग्रेस ने कहा कि वह डीपफेक और गलत जानकारी फैलाने वाले वीडियो पर रोक का समर्थन करती है, लेकिन सवाल उठाया कि क्या AI डिस्क्लेमर के साथ बनाए गए राजनीतिक व्यंग्य भी इसी श्रेणी में आते हैं। सुप्रिया ने कहा, “क्या सरकार राजनीतिक आलोचना और व्यंग्य को ही गैरकानूनी मान रही है, जो किसी लोकतंत्र में पूरी तरह से जायज है?” उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी को सलाह दी कि असहमति की आवाज़ों को दबाने की बजाय देशहित में काम करें।